भगवान श्रीकृष्ण के बड़े भाई बलराम (बलभद्र) को भाई बनाकर राखी बांधने से युवतियों को वैवाहिक जीवन का सुख प्राप्त हुआ है। जिन युवकों की शादी में कोई रुकावट आ रही है वे प्रभु बलराम के चरणों में लड्डू का प्रसाद चढ़ाकर सुख पाते हैं। सूर्य पुत्री तवी नदी किनारे पंजतीर्थी धौंथली ढक्की जम्मू स्थित भगवान बलराम के ऐतिहासिक मंदिर में रक्षाबंधन पर विशेष तौर पर युवक और युवतियां शादी की मनोकामनाएं लेकर आशीर्वाद लेने पहुंचते हैं। ऐसी मान्यता है कि प्रभु के चरणों में श्रद्धा से मांगी कई मन्नतें एक साल के भीतर पूरी हो जाती हैं।
देश में प्रभु बलराम जी के दो ही मंदिर हैं। इनमें एक मथुरा के वृंदावन और दूसरा जम्मू में है। रक्षाबंधन पर मंदिर में मेले जैसा माहौल होता है। इस दिन जम्मू-कश्मीर के साथ लगते कई राज्यों से युवक-युवतियां आशीर्वाद लेने के लिए पहुंचते हैं। इनमें अधिकांश युवतियां राखी लेकर आती हैं।