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साध्वी प्रज्ञा के वो पांच विवादित बयान, पीएम मोदी ने भी कहा था- कभी माफ नहीं कर पाऊंगा

Thu, 28 Nov 2019 12:56 PM IST
योगेश साहू न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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प्रज्ञा सिंह ठाकुर (फाइल फोटो) - फोटो : Facebook
संसद में नाथूराम गोडसे को लेकर की गई टिप्पणी की वजह से एक बार फिर चर्चा में आईं भाजपा सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर पहले भी विवादित बयान दे चुकी हैं। वह मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल से भारतीय जनता पार्टी की मौजूदा सांसद हैं। उन्होंने साल 2019 में 17वीं लोकसभा के लिए हुए चुनावों में कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार दिग्विजय सिंह को हराकर जीत दर्ज की थी। आइए जानें उनके पांच विवादित बयान..
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प्रज्ञा सिंह ठाकुर - फोटो : ANI
पहला बयानः शहीद हेमंत करकरे को लेकर दिया
2008 के मालेगांव ब्लास्ट केस की आरोपी साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने भाजपा से टिकट मिलने के बाद पहली बार सार्वजनिक रूप से जो बयान दिया, वह विवादित हो गया । साध्वी ने मुंबई में 26/11 के आतंकवादी हमले में शहीद पुलिस अधिकारी हेमंत करकरे को लेकर ये बयान दिया था। साध्वी ने कहा था कि उन्होंने करकरे को श्राप दिया था, जिसके कारण करकरे की आतंकवादी हमले में मौत हो गई। हालांकि इस बयान पर साध्वी ने बाद में माफी मांग ली थी।

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साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर - फोटो : Twitter
दूसरा बयानः पार्टी ने अनुशासित रहने के लिए कहा
करकरे पर बयान के बाद साध्वी ने बाबरी ढांचे को ढहाने में शामिल होने का बयान दिया, लेकिन इस पर भी विवाद पैदा हो गया। प्रज्ञा ने एक टीवी चैनल से कहा, बाबरी मस्जिद का ढांचा गिराने का अफसोस नहीं है, ढांचा गिराने पर तो हम गर्व करते हैं। हमारे प्रभु रामजी के मंदिर पर अपशिष्ट पदार्थ थे, उनको हमने हटा दिया बयान पर मचे शोर के बाद बीजेपी ने प्रज्ञा को चुप रहने तक की सलाह दी थी। पार्टी ने साध्वी को अनुशासित रहने को कहा और चुनाव आयोग ने 72 घंटे के लिए प्रचार पर प्रतिबंध लगा दिया था।

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प्रज्ञा सिंह ठाकुर (फाइल फोटो)
तीसरा बयानः गोडसे को देशभक्त बताकर, पलटीं प्रज्ञा
लोकसभा चुनाव के अंतिम चरण से पहले प्रचार के दौरान अभिनेता से नेता बने मक्कल नीधि मय्यम के संस्थापक कमल हासन के ‘देश का पहला आतंकी हिंदू था’ वाले बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए साध्वी प्रज्ञा ने नाथूराम गोडसे को देशभक्त बताया था। उन्होंने कहा था, 'गोडसे देशभक्त थे, हैं और रहेंगे।' उन्होंने यह भी कहा कि गोडसे को आतंकवादी कहने वाले स्वयं के गिरेबां में झांककर देखें…चुनाव में ऐसे लोगों को जवाब दे दिया जाएगा। हालांकि, उनके इस बयान पर कुछ ही देर बाद पार्टी ने किनारा कर लिया और कड़ी निंदा करते हुए उन्हें सार्वजनिक तौर पर माफी मांगने की हिदायत दे डाली थी।
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साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर - फोटो : PTI
चौथा बयानः साध्वी ने दिग्विजय सिंह को बता दिया था आतंकवादी
साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने कांग्रेस के उम्मीदवार और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को आतंकवादी बताने वाला बयान दिया था । उन्होंने यह बयान सीहोर में चुनाव प्रचार कार्यालय का उद्घाटन करते हुए दिया था। उन्होंने कहा कि राज्य में 16 साल पहले उमा दीदी ने हराया था और वह 16 साल मुंह नहीं उठा पाया, और राजनीति कर लेता इसकी कोशिश नहीं कर पाया। अब फिर से सिर उठा है तो दूसरी संन्यासी सामने आ गई है जो उसके कर्मों का प्रत्यक्ष प्रमाण है। उन्होंने कहा कि एक बार फिर ऐसे आतंकी का समापन करने के लिए संन्यासी को खड़ा होना पड़ा है।
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साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर
पांचवां बयान: महात्मा गांधी को 'राष्ट्रपुत्र' बताया
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल लोकसभा क्षेत्र से चुनाव जीतने के बाद अक्तूबर में भाजपा सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने एक और विवादित बयान दिया। इस बार उन्होंने अपने बयान में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को राष्ट्रपुत्र बताया। साध्वी ने कहा है कि महात्मा गांधी राष्ट्रपुत्र हैं और हमारे लिए आदरणीय हैं।

दरअसल, वह भोपाल रेलवे स्टेशन के एक कार्यक्रम में पहुंचीं थीं। यहां उनसे मीडिया कर्मियों ने उनकी पार्टी की संकल्प यात्रा में उनके शामिल ना होने को लेकर सवाल किया था। इसके जवाब में उन्होंने कहा कि 'गांधी राष्ट्रपुत्र हैं और हमारे लिए आदरणीय हैं लेकिन मुझे किसी को सफाई नहीं देनी।' 

उन्होंने अपने बयान में यहां तक कहा था कि जिसने जो भी सराहनीय कार्य किया है, वह हमारे लिए आदरणीय होता है। हम ऐसे लोगों के बताए मार्ग पर चलते हैं और उनका गुणगान करते हैं।
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मोदी-साध्वी प्रज्ञा - फोटो : Social Media
प्रधानमंत्री ने कहा- कभी दिल से माफ नहीं कर पाऊंगा
साध्वी प्रज्ञा के नाथूराम गोडसे को लेकर दिए विवादित बयान के बाद भाजपा ने जहां एक ओर उनसे किनारा कर लिया, वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी नाखुशी जताई। प्रधानमंत्री मोदी ने खरगोन में एक चुनावी सभा के दौरान एक टीवी चैनल से कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के हत्यारे को देशभक्त बताया जाना उनका अपमान है। उन्होंने कहा कि वह इस टिप्पणी के लिए साध्वी प्रज्ञा को कभी दिल से माफ नहीं कर पाएंगे। पार्टी अध्यक्ष अमित शाह ने भी उनकी निंदा की थी। 

यह भी पढ़ें: साध्वी प्रज्ञा ठाकुर: मध्यप्रदेश के छोटे से गांव से लेकर मालेगांव ब्लास्ट तक, ऐसा रहा सफर
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