पाकिस्तान की एक अदालत ने फेसबुक पोस्ट पर की गई टिप्पणी को ईशनिंदा मानते हुए एक प्रोफेसर को सजा-ए-मौत सुनाई है। प्रोफेसर जुनैद हाफिज पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के मुल्तान शहर में बहाउद्दीन जकारिया यूनिवर्सिटी के अंग्रेजी साहित्य विभाग में अतिथि प्राध्यापक के पद पर नियुक्त थे।
ऐसे में आपके मन में यह प्रश्न उठना लाजमी है कि क्या है यह ईशनिंदा कानून, जिसके चलते फेसबुक पोस्ट करने पर एक शिक्षक को मौत की सजा सुना दी गई। आइए आगे की स्लाइड में बताते हैं कि इस कानून के बारे में सबकुछ...