भाजपा के नवनियुक्त राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह का कहना है कि केंद्र में एनडीए की सरकार आने पर पाकिस्तान से आए हिंदुओं को भारतीय नागरिकता दी जाएगी।
राजनाथ ने यूपीए सरकार को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि वह सीमा पर भारतीय जवान का सिर काटे जाने के मामले को ठीक ढंग से नहीं सुलक्षा पाई। उन्होंने रिटेल सेक्टर में एफडीआई प्रकरण पर भी कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि सत्ता में आने पर इस फैसले की भी पुनर्समीक्षा की जाएगी। उन्होंने कहा कि भाजपा नफरत फैलाने वाली पार्टी नहीं है।
भाजपा अध्यक्ष ने यहां शनिवार को अलग अलग सभाओं में ये बातें कहीं। ‘संकट में पाकिस्तान के अल्पसंख्यक’ विषय पर आयोजित गोष्ठी में राजनाथ ने कहा कि यह बेहद दुखद है कि पाकिस्तान में धर्म के नाम पर भेदभाव होता है। वहां अल्पसंख्यक हमेशा ही संकट में रहे हैं। इसलिए वे आज भी भागकर भारत में शरण लेते हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार भारत आए शरणार्थियों की सुध नहीं लेती है। इसके अलावा उन्होंने सीमा पर भारतीय जवान का सिर काटे जाने के मामले कहा कि केंद्र सरकार को तब पाकिस्तान के साथ सभी कूटनीतिक बातचीत रोक देनी चाहिए थी।
वहीं देशभर से आए किसानों के संगठनों से राजनाथ ने कहा कि केंद्र में एनडीए की सरकार आने पर रिटेल में एफडीआई के फैसले की समीक्षा होगी व नई कृषि नीति लाई जाएगी। जबकि अल्पसंख्यक समुदाय के प्रतिनिधियों से मुलाकात में राजनाथ ने कहा कि भाजपा नफरत फैलाने वाली पार्टी नहीं है।
उन्होंने अटल बिहारी वाजपेयी सरकार का हवाला देकर कहा कि एक भी व्यक्ति नहीं कह सकता है कि एनडीए सरकार ने अल्पसंख्यकों के साथ भेदभाव किया। उन्होंने कहा कि कुछ दल सुनियोजित तरीके से भाजपा को बदनाम करते रहते हैं। राजनाथ ने अल्पसंख्यक समुदाय के प्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वे ही इस भ्रांति को दूर कर कर सकते हैं।