सिविल लाइंस इलाके के चंदगीराम अखाड़े के पास दो मार्च को हुई 1.15 करोड़ रुपये की लूट की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। पुलिस ने एक करोड़ से अधिक की रकम बरामद कर पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। एक जूलर के पूर्व कर्मचारी की सूचना पर बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया। जिला पुलिस उपायुक्त सागर सिंह कलसी ने मामले को सुलझाने की पुष्टि की है, लेकिन वह शुक्रवार को प्रेसवार्ता कर इसकी जानकारी देने की बात कर रहे हैं। पुलिस सूत्रों का कहना है कि सीसीटीवी कैमरों से पहचान कर पुलिस आरोपियों तक पहुंची। पुलिस को मामले में अभी कुछ और आरोपियों की तलाश है। कई टीमें उनकी तलाश में जुटी हैं।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि अनाज कारोबारी करण अग्रवाल के कर्मचारी नरेंद्र अग्रवाल और गोविंद दो मार्च की शाम कूचा महाजनी पेमेंट लेने गए थे। दो बैग में 1.15 करोड़ की पेमेंट लेकर वह स्कूटी से ख्याला स्थित दफ्तर के लिए निकले। इस बीच दोनों आउटर रिंग रोड होते हुए अपने दफ्तर जा रहे थे। चंदगीराम अखाड़े के पास बाइक सवार तीन बदमाशों ने स्कूटी में टक्कर मारकर उन्हें गिरा दिया। इसके बाद आरोपियों ने पिस्टल दिखाई और रुपयों के बैग लूटकर फरार हो गए। पुलिस ने सिविल लाइंस थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू की। नरेंद्र और गोविंद से लंबी पूछताछ के बाद कुछ हाथ नहीं लगा। इसके बाद पुलिस ने कूचा महाजनी से लेकर घटनास्थल तक लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को खंगाला। इससे कुछ लोगों की पहचान हुई। लंबी पड़ताल के बाद पुलिस ने बुधवार को मामले में आरोपी बॉबी, टैनी, स्पर्श और बेबी व एक अन्य को गिरफ्तार कर लिया।
इनके पास से लूट में इस्तेमाल किया गया हथियार बरामद कर लिया गया। पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि उन्होंने एक जूलर के पूर्व कर्मचारी की सूचना पर घटना को अंजाम दिया। इसमें छह से सात लोगों के शामिल होने की बात सामने आ रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उनकी तलाश में दबिश जारी है। लूट की ज्यादातर रकम बरामद हो गई है।
लूट की मांगी थी मन्नत, एक लाख दान पेटी में डाले
आरोपियों ने खुलासा किया है कि गिरोह के सरगना ने बड़ी लूट के लिए भगवान से मन्नत मांगी थी। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी राजस्थान के खाटू श्याम मंदिर पहुंचे। वहां पूजा करने के बाद मन्नत पूरी होने पर मंदिर की दान पेटी में उन्होंने एक लाख रुपये दान किए।
अब कभी नहीं...इन पैसों से करेंगे कारोबार
लौटते समय आरोपियों ने मौज-मस्ती कर एक लाख रुपये खाने-पीने में उड़ा दिए। इन लोगों ने कसम खाई थी कि अब यह कभी लूट न करके इन पैसों से कारोबार करेंगे, लेकिन पुलिस ने इन्हें गिरफ्तार कर इनके सपनों पर पानी फेर दिया। लूट की गुत्थी सुलझने के बाद चांदनी चौक के कारोबारी खुश हैं। उनका कहना है कि दिल्ली पुलिस आयुक्त के कहने पर चंद रोज पहले इलाके में 300 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। उनकी मदद से आरोपियों को पकड़ा गया है। कूचा महाजनी की द बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन के चेयरमैन योगेश सिंघल ने पुलिस को धन्यवाद करते हुए पत्र लिखा है।
कारोबारी के कर्मी से 90 लाख की लूट, 2 हिरासत में
मध्य दिल्ली के देशबंधु गुप्ता रोड इलाके में स्कूटी सवार बदमाशों ने बैट्री कारोबारी के दो कर्मचारियों से 90 लाख रुपये लूट लिए। दोनों कर्मचारी चांदनी चौक इलाके से पेमेंट लेकर करोल बाग स्थित दफ्तर लौट रहे थे। इस बीच न्यू रोहतक -फैज रोड की लाल बत्ती पर बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया। बदमाशों के जाने के बाद पीड़ितों ने मालिक को खबर दी। बाद में पुलिस से शिकायत की गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर लूट की गुत्थी को सुलझाने का दावा किया है। फिलहाल पुलिस बृहस्पतिवार को दो आरोपियों को हिरासत में लेने की बात कर रही है। सूत्रों का कहना है कि शुक्रवार को पुलिस इसका खुलासा कर सकती है।
अनिल गोयल नामक कारोबारी का करोल बाग इलाके में बैट्री का बड़ा कारोबार है। इनके यहां मनोज व शिवम नामक कर्मचारी पिछले काफी समय से काम कर रहे हैं। सोमवार को अनिल को किसी काम से बाहर जाना था। दुुकान पर इनका भांजा रोहित मौजूद था। रोहित ने मनोज व शिवम को चांदनी चौक से एक कारोबारी से 90 लाख रुपये लाने के लिए कहा। दोनों बाइक से वहां पहुंचे और रुपये लेकर दुकान पर वापस लौटने लगे।