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कोरोना से सूंघने की क्षमता खो रहे मरीजों का जुटाया जा रहा डाटा, संक्रमितों में नहीं दिख रहा कोई लक्षण

Tue, 16 Jun 2020 12:27 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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लखनऊ के अस्पतालों में भर्ती 80 फीसदी संक्रमित मरीजों में कोरोना का कोई लक्षण नहीं दिख रहा है। इन्हें न तो बुखार है और न ही सांस लेने में दिक्कत है। यहां तक कि शरीर का तापमान भी सामान्य है और छींक भी नहीं आ रही है। हालांकि, रिपोर्ट पॉजिटिव आने से इनका इलाज किया जा रहा है। ऐसे रोगियों के चलते ही संक्रमण की चेन तोड़ने में समस्या आ रही है।

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विशेषज्ञों का कहना है कि नई स्टडी सामने आई है। इसमें कहा गया है कि जिनमें कोरोना के लक्षण नहीं दिखाई दे रहे हैं, उसकी एक वजह यह हो सकती है कि मरीज सुगंध या दुर्गंध को महसूस न कर पा रहे हों। यानी वे सूंघने की क्षमता खो चुके हों। इससे इन्हें छींक भी नहीं आ रही है। इसे लेकर शोध शुरू हो गया है। इनका डाटा जुटाया जा रहा है। 

कोरोना के जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. केपी त्रिपाठी ने बताया कि सीएम हेल्पलाइन के पॉजिटिव कर्मियों में से महज एक फीसदी में लक्षण दिखे हैं। कोरोना पीड़ितों में सूंघने की शक्ति और मुंह का स्वाद कम होने और भूख कम लगने की भी शिकायतें आ रही हैं। 
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लोकबंधु के दस प्रतिशत मरीजों में दिखे लक्षण

लोकबंधु अस्पताल के निदेशक डॉ. डीएस नेगी ने बताया कि भर्ती 46 मरीजों में से दस प्रतिशत से भी कम में कोरोना के लक्षण दिख रहे हैं। जो मरीज पहले से किसी बीमारी से पीड़ित थे, उनमें सांस लेने में तकलीफ की शिकायत सामने आ रही है। बाकी मरीज सामान्य हैं। रिपोर्ट पॉजिटिव होने से डिस्चार्ज नहीं किया जा रहा है।

कहा कि सर्दी, खांसी, जुकाम, बुखार, डायरिया या पेट दर्द जैसी दिक्कत हो तो डॉक्टर की सलाह के बिना दवा न लें। सुपाच्य और पौष्टिक भोजन, दाल, ताजी सब्जियां अच्छी तरह से धुलने के बाद पकाकर खाएं। विटामिन-सी युक्त ताजे फल खाते रहें, ताकि रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत रहे।

26 में से सिर्फ चार में ही सामने आए लक्षण
लोहिया संस्थान में कोरोना के 26 मरीज भर्ती हैं। इनमें से महज चार में कोरोना के लक्षण दिखे हैं। बाकी मरीज ठीक हैं, लेकिन रिपोर्ट पॉजिटिव होने से इन्हें आइसोलेशन में रखकर इलाज किया जा रहा है। संस्थान निदेशक डॉ. एके त्रिपाठी ने बताया कि 80 प्रतिशत मरीज बिना लक्षण वाले भर्ती हो रहे हैं।
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बना रहे संक्रमण की चेन

बिना लक्षण वाले रोगी संक्रमण की बड़ी चेन बना रहे हैं। कोई लक्षण न आने से ये बेखौफ होकर लोगों से मिल रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग ऐसे रोगी खोज तक नहीं पा रहा है। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों का कहना है कि समुदाय में फैले संक्रमण की पहचान काे विभिन्न जगहों से नमूने लिए जा रहे हैं। 

ले रहे हैं सैंपल
सीएम हेल्पलाइन से जितने भी केस आए हैं, उसमें 99 प्रतिशत मरीजों में कोई भी लक्षण नहीं मिले हैं। संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए अलग-अलग जगह से सैंपल लेकर जांच कराई जा रही है। - डॉ. नरेंद्र, सीएमओ 

भूलने की समस्या संभव
कोरोना की वजह से 60 वर्ष से अधिक उम्र वाले मरीजों में भूलने, सूंघने की क्षमता प्रभावित होने की संभावना है। उम्र दराज मरीजों में शिकायत मिली है। इसका भी पुख्ता डाटा नहीं है। - डॉ. सुधीर सिंह, मेडिसिन विभाग केजीएमयू
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