फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लखनऊ में ढही इमारत: इमरजेंसी में मची अफरातफरी, हर तरफ चीख पुकार, 15 डॉक्टरों समेत 40 की टीम ने संभाली स्थिति

Sat, 07 Sep 2024 09:55 PM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला, सिटी रिपोर्टर, लखनऊ

सार

Building collapsed in Lucknow: ट्रांसपोर्टनगर में हुए हादसे के बाद घायलों को लोकबंधु अस्पताल में ले जाया गया। एक साथ इतनी संख्या में घायलों के पहुंचने पर वहां अफरा-तफरी के हालात बन गए। 
विज्ञापन
हादसे के बाद वाहनों को हटाती पुलिस। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

ट्रांसपोर्टनगर में शनिवार शाम बारिश के दौरान शहीद पथ किनारे स्थित एक इमारत (हरमिलाप टावर) भरभराकर जमींदोज हो गया। हादसे में एक कारोबारी समेत छह की मौत हो गई। मलबे में दबे 25 लोगों को निकालकर अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। इनका इलाज जारी है। मलबे में अभी कई और लोगों के दबे होने की आशंका है। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, दमकल और पुलिस की टीमें राहत-बचाव कार्य में देर रात तक जुटी रहीं।

विज्ञापन


हादसे के बाद लोकबंधु अस्पताल की इमरजेंसी में हादसे में जख्मी लोगों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हुआ तो वहां पर अफरातफरी मच गई। इमरजेंसी में बेड कम पड़ गए थे। ऐसी दशा में दूसरे वार्ड में मरीजों को भर्ती किया गया। अस्पताल में हर तरफ चीख पुकार मची थी। करीब एक घंटे तक इमरजेंसी में दूसरे मरीजों को इलाज बाधित रहा। सभी डॉक्टर व स्टॉफ घायलों के इलाज में जुटे रहे। वहीं सॉयरन बजाती हुई एंबुलेंस एक-एक करके मरीजों को अंदर ला रही थी। जिन्हें स्टॉफ जरिए गेट पर रिसीव किया जा रहा था।

लोकबंधु अस्पताल में हादसे में जख्मी लोगों को इलाज मुहैया कराने के लिए आर्थोपैडिक, सर्जन, तीन इमरजेंसी मेडिकल अफसर, दस रेजीडेंट समेत करीब 40 लोगों का स्टॉफ इमरजेंसी में मौजूद रहा। पहला मरीज करीब पौने छह बजे एंबुलेंस लेकर पहुंची थी। आनन फानन में उसे एंबुलेंस से उतारकर इमरजेंसी अंदर लाया गया। सिर-हाथ व पैर में चोट होने से डॉक्टरों ने इलाज मुहैया कराया। इसके बाद एंबुलेंस का आना सिलसिला शुरू हुआ। एक घंटे के अंदर सभी जख्मी इमरजेंसी में पहुंचे तो वहां पर बेड कम पड़ गए। डाॅक्टरों ने वार्ड खुलवाया। जिसके बाद वहां पर घायलों को भर्ती किया गया।
विज्ञापन


अस्पताल में भगदड़ जैसे थे हालत
हादसे में जख्मी लोगों की तलाश में उनके परिजन इमरजेंसी पहुंचना शुरू हुए। इससे इमरजेंसी में पैर रखने तक की जगह नहीं बची। पूरे अस्पताल में भारी भीड़ उमड़ी थी। अपनों की तलाश में परिजन दौड़ते-भागते इमरजेंसी पहुंचे। वहां पर अपनों को जीवित देखकर उनके आंखू से आंसू निकल रहे थे।

इतना शोर कराना पड़ रहा था एनाउंसमेंट

लखनऊ में ढही इमारत। - फोटो : अमर उजाला।
अस्पताल में बड़ी तादाद में लोगों के पहुंचने से वहां पर शोर बहुत अधिक बढ़ गया था। ऐसे में अस्पताल प्रशासन ने एनाउसमेंट कराने का फैसला लिया। जिसके बाद माइक से एनाउस कराकर उनके तीमारदारों को बुलाने संग स्टॉफ को बुलाया जा रहा था।

सामान्य मरीजों को एक घंटे तक नहीं मिला इलाज
आशियाना के रहने वाले विनोद बाइक से गिरकर उनका पैर मामूली रूप से जख्मी हो गया था। वह इमरजेंसी में इलाज के लिए पहुंचे थे मगर अफरातफरी के बीच उन्हें इलाज नहीं मिला। काफी देर इंतजार बाद भी इलाज न मिलने से विनोद निजी अस्पताल चले गए। इस दौरान सामान्य मरीजों को एक घंटे तक यहां पर इलाज नहीं मिल सका।
विज्ञापन

लोकबंधु अस्पताल में 22 घायल भर्ती, पांच केजीएमयू रेफर

 बिल्डिंग हादसे में घायल हुए 22 लोग लोकबंधु अस्पताल में भर्ती हैं। जिनके इलाज के लिए डॉक्टर व पैरामेडिकल स्टाफ की टीम लगी है। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अजय शंकर ने बताया गंभीर रूप से जख्मी पांच को केजीएमयू रेफर किया गया है।

लोकबंधु में ये हैं भर्ती
राजेंद्र 25, भानु सिंह 22, शत्रुघ्न सिंह 60, शिवमोहन 38, प्रवीना 30, शांति देवी 65, आदर्श यादव 10, काजल यादव 14, आकाश कुमार 28, आकाश सिंह 24, विनोद यादव 45, आदित्य 21, आकाश कुमार 19, अनूप कुमार मौर्या 40, बहादुर 55, ओमप्रकाश 25, अज्ञात 35, हेमंत पांडेय 37, सुनील 28, दीपक कुमार 28, विनीत कश्यप 28, लक्ष्मी शंकर 25, अतुल राजपूत 25, नीरज 35 भर्ती हैं।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें