जम्मू में अस्थायी कर्मचारियों का प्रदर्शन
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जम्मू में विभिन्न सरकारी विभागों में कार्यरत कैजुअल लेबर और अन्य अस्थायी कर्मचारियों को स्थायी कर्मचारी बनाने और अन्य लंबित मांगों को लेकर सोमवार को हजारों की संख्या में कर्मचारी सड़कों पर उतरे और सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया।
कर्मचारियों ने प्रदर्शनी मैदान से रोष रैली निकाल कर सचिवालय घेराव का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने इंदिरा चौक से आगे नहीं बढ़ने दिया। प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने कड़े प्रबंध करके रखे थे। जेएंडके इंप्लाइज कैजुअल लेबर्स वर्कर्स एंड पेंशनर्स युनाइटेड प्लेटफार्म (जेकेजीईसीडब्ल्यूपीयूपी) के बैनर तले पीएचई, पीडीडी, पीडब्ल्यूडी, स्पोर्ट्स, कृषि और अन्य कई सरकारी विभागों के कर्मचारी संगठन सुबह करीब 11 बजे प्रदर्शनी मैदान में एकजुट हुए।
करीब एक बजे जेकेजीईसीडब्ल्यूपीयूपी के संयोजक मोहम्मद गफूर डार के नेतृत्व में सभी ने रोष रैली निकाल कर सचिवालय की तरफ कूच किया। जैसे ही रैली सड़क पर पहुंची तो दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई।
प्रदर्शनकारियों की पुलिस के साथ धक्का-मुक्की
जम्मू में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन
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कर्मचारी सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए ज्यूल चौक, बस स्टैंड रोड और विभिन्न हिस्सों से होकर इंदिरा चौक पर पहुंचे। जहां कंटीले तार लगाकर कर्मचारियों को आगे नहीं बढ़ने दिया। कुछ कर्मचारियों ने आगे बढ़ने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने सबको रोक दिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों की पुलिस के साथ धक्का-मुक्की भी हुई।
प्रदर्शन के दौरान मोहम्मद गफूर डार ने कहा कि राज्य सरकार के झूठे आश्वासनों ने आज हजारों कर्मचारियों को सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर किया है। विभिन्न सरकारी विभागों में 60 हजार से ज्यादा अस्थायी कर्मचारी स्थायी बनाए जाने की उम्मीद में हैं। इनकी उम्र निकलती जा रही है, लेकिन सरकार इनको स्थायी नहीं बना रही है।
उन्होंने कहा कि 11 जनवरी को सरकार ने बजट पेश करना है। युनाइटेड प्लेटफार्म की मांग है कि सरकार सभी अस्थायी कर्मचारियों को स्थायी बनाने का एलान करे। अगर सरकार ने ऐसा नहीं किया तो 12 जनवरी को नए सिरे से रणनीति तैयार करके आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर सरदार कुलवंत सिंह, हरि सिंह, तनवीर हुसैन, अखिल शर्मा, पुनीत शर्मा, नजीर अहमद मोलवी व अन्य मौजूद थे।