उधमपुर में बीएसएफ के काफिले पर हमला करने वालों के मददगार और ट्रक मालिक शाबजार अहमद भट उर्फ खुर्शीद ने स्वीकार किया है कि उसके ट्रक के डाले में हथियार छुपाकर कश्मीर से उधमपुर तक लाए गए थे।
डाले में एके 47 के अलावा ग्रेनेड छुपाकर रखे गए थे, ताकि किसी को शक न हो। इस दौरान पाकिस्तानी आतंकी मोहम्मद नावेद और मोमिन (बाद में हमले के दौरान मारा गया) भी उनके साथ थे।
उल्लेखनीय है कि लश्कर के ओवर ग्राउंड वर्कर (ओडब्ल्यूजी) शाबजार को नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) ने 13 अक्तूबर को कुलगाम से गिरफ्तार किया था।
जम्मू की एनआईए अदालत में पेश करने के बाद सात दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। साथ ही कोट भलवाल जेल में कैद लश्कर आतंकी नावेद को भी तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया था, ताकि कई बिंदुओं पर उनकी निशानदेही भी करवाई जा सके।
बताया जाता है कि ज्वाइंट इंटेरोगेशन सेंटर (जेआईसी) में एनआईए की टीम ने नावेद और शाबजार को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ करने के अलावा उनसे ‘वन टू वन’ पूछताछ की। पूछताछ में नावेद और शाबजार की कई बातों में समानता भी मिली।