फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पुंछ का लाल बलिदान: अपनों को 10 घंटे बाद मिली सूचना, मची चीख-पुकार; रोते-बिलखते पार्थिव शरीर का कर रहे इंतजार

Thu, 23 Nov 2023 12:58 PM IST
kumar गुलशन कुमार अमर उजाला नेटवर्क, पुंछ

सार

पुंछ के सेना के जवान अब्दुल मजीद राजोरी मुठभेड़ में बलिदान हो गए। बुधवार देर रात तक इस बलिदानी के परिजनों को इस अनहोनी की जानकारी नहीं मिली। सुबह जब परिजनों को इस बात की खबर मिली तो बलिदानी के घर में चीख-पुकार मच गई।
विज्ञापन
पुंछ में बलिदानी के परिजन विलाप करते हुए - फोटो : मुनीष शर्मा
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राजोरी के कालाकोट के बाजीमाल में बुधवार को हुई मुठभेड़ में आतंकियों से लोहा लेते हुए सेना की 9 पैरा कमांडो रेजिमेंट के दो अधिकारियों सहित चार जवान शहीद हो गए। इनमें पुंछ के भी एक लाल ने बलिदान दिया। लेकिन, देर रात तक इस बलिदानी के परिजनों को इस अनहोनी की जानकारी नहीं मिली। सुबह जब परिजनों को इस बात की खबर मिली तो बलिदानी के घर में चीख-पुकार मच गई।

विज्ञापन


सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, कालाकोट मुठभेड़ में नियंत्रण रेखा से सटे गांव अजोट निवासी मोहम्मद रशीद का पुत्र अब्दुल मजीद ने बलिदान दिया है। वह सेना की 9 पैरा में हवलदार तैनात थे। देर शाम को अंधेरा होने तक बलिदानी का शव मुठभेड़ स्थल से उठाया नहीं जा सका था। एक तरफ जहां पुंछ के इस लाल के शहीद होने की सूचना पुंछ में हर खुफिया एजेंसी और क्षेत्र में तैनात सेना के अधिकारियों तक पहुंची, लेकिन शहीद के परिवार तक यह सूचना नहीं पहुंच पाई। न ही किसी ने इस बुरी खबर को परिवार तक पहुंचाने की हिम्मत की। सुबह जब अपनों को इस बात की खबर हुई। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। वे रोते-बिलखते बलिदानी के पार्थिव शरीर के घर पहुंचने का इंतजार कर रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें