फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कलपुर्जों की कमी, एचआरटीसी वर्कशॉप में 26 बसें खड़ी

विज्ञापन
हिमाचल प्रदेश परिवहन निगम डिपो रामपुर में कलपुर्जों की कमी के चलते खड़ी एचआरटीसी की बसें। - फोटो : RAMPUR-HP
विज्ञापन
रामपुर बुशहर। कोरोना काल शुरू होने के बाद पटरी से उतरी परिवहन व्यवस्था सुधरने का नाम नहीं ले रही है। परिवहन निगम के रामपुर डिपो में कलपुर्जों की कमी पूरी नहीं हो पाई है। ऐसे में दो दर्जन से अधिक बसें निगम की कार्यशाला में खड़ी हो गई हैं।
विज्ञापन

वहीं पीसमील कर्मचारियों की हड़ताल के चलते भी परिवहन व्यवस्था चरमराती नजर आ रही है। इन कर्मियों की हड़ताल के चलते कार्यशाला में तैनात नियमित कर्मचारियों पर कार्य का अतिरिक्त बोझ बढ़ गया है।
गौर हो परिवहन निगम के रामपुर डिपो में कोरोना महामारी के अस्तित्व में आते ही टायर और कलपुर्जों की भारी कर्मी चल रही है। हालांकि अब डिपो को टायरों की बराबर सप्लाई मिल रही है, जबकि मांग के अनुसार कलपुर्जों की आपूर्ति नहीं हो पा रही। कलपुर्जों की कमी के चलते वर्कशॉप में 26 बसें खड़ी हैं। किसी के लिए इंजन तो किसी बस में गेयर की समस्या है। रामपुर डिपो को शिमला के तारादेवी डिपो से टायर और कलपुर्जों की आपूर्ति की जाती है, लेकिन जरूरत के मुताबिक कलपुर्जे न मिलने के कारण बसें खड़ी हो गई हैं।
विज्ञापन

बीते सोमवार से निगम के पीसमील वर्कर भी हड़ताल पर हैं। कार्यशाला में तैनात 29 पीसमील कर्मचारियों की हड़ताल के कारण यहां तैनात नियमित कर्मचारियों पर काम का बोझ बढ़ गया है। 38 नियमित कर्मचारी ओवरटाइम कर बसों को दुरुस्त कर रहे हैं। अब तक रामपुर उपमंडल में दिन के समय चलने वाले निगम के तीन रूट प्रभावित हो गए हैं। बसों की कमी के चलते शाम के समय रूटों पर भी देरी से बसें चल रही हैं। ऐसे में हजारों लोग परेशानियां झेल रहे हैं। सबसे अधिक समस्या ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को झेलनी पड़ रही हैं, जिन्हें अपने गन्तव्य तक पहुंचने के लिए पैदल सफर तय करना पड़ता है।
क्षेत्र के राम सिंह, काहन चंद, अर्जुन ठाकुर, ललित कुमार, राधे श्याम, दुष्यंत मेहता, यशवंत शर्मा, अशोक कुमार, मान दास, राम दयाल ने प्रदेश सरकार और परिवहन निगम प्रबंधन से व्यवस्था में सुधार कर लोगों को राहत देने की मांग की है।
परिवहन निगम रामपुर डिपो के आरएम प्रेम चंद कश्यप ने बताया कि कलपुर्जों की कमी के चलते निगम की कार्यशाला में 26 बसें खड़ी हैं। कलपुर्जों की आपूर्ति के अनुसार कार्य चलाया जा रहा है। पीसमील कर्मचारियों की हड़ताल से नियमित कर्मचारियों पर कार्य का बोझ बढ़ गया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही व्यवस्था में सुधार होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें