दलाश (कुल्लू)। दलाश क्षेत्र की लूहरी-दलाश वाया गुंगी सड़क पर ग्रामीण पिछले 10 सालों से स्कूल बस चलाने की मांग कर रहे हैं लेकिन सरकार और एचआरटीसी प्रबंधन ने आज तक लोगों की मांग पर गौर नहीं किया है। इस वजह से क्षेत्र के सैकड़ों विद्यार्थियों को हर रोज परेशानियों से दो चार होना पड़ रहा है।
लोगों का कहना है कि चुनाव के समय राजनीतिक पार्टियां वोट हासिल करने के लिए बस चलाने का आश्वासन तो दे देते हैं, लेकिन चुनाव जीतने के बाद यह मांग ठंडे बस्ते में पड़ जाती है। दलाश-गुंगी लूहरी सड़क पर सरकारी और निजी स्कूलों के दर्जनों छात्र आवाजाही करते हैं। स्कूल बस नहीं होने के कारण अभिभावकों को छोटे बच्चे या तो पीठ पर उठाकर स्कूल पहुंचाना पड़ते या फिर निजी वाहनों से लाना और ले जाना पड़ता है।
लोगों का कहना है कि बस चलने से विद्यार्थियों के साथ ही क्षेत्र के हजारों लोगों को इसका लाभ मिलेगा। मगर प्रदेश सरकार और परिवहन निगम इस महत्वपूर्ण मांग को पूरा करने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखा रही है। दलाश पंचायत प्रधान सत्येंद्र शर्मा, व्युंगल पंचायत प्रधान जालप राम, बीडीसी चेयरमैन विजय कंवर, जिला परिषद कुल्लू चेयरमैन पंकज परमार ने सरकार से मांग की है कि सड़क पर स्कूल बस जल्द शुरू किया जाए। उन्होंने मांग उठाई कि क्षेत्र में बस सुबह 8:30 बजे लूहरी से वाया गूंगी होकर दलाश आए और दोपहर दो बजे लूहरी से चले और शाम 4 बजे दलाश से सीधे रामपुर जाए।
आरएम रामपुर ने बताया कि ग्रामीणों ने जो स्कूल बस की मांग की है, प्रस्ताव को विभाग के उच्चाधिकारियों के लिए शिमला भेजा है, जैसे ही स्वीकृति मिलेगी बस सेवा शुरू कर दी जाएगी।