मंगलवार को फतेहपुर विधानसभा क्षेत्र के जखबड़ में आयोजित जनसभा में सीएम ने कहा कि आरडीजी बंद होने से प्रदेश को प्रति वर्ष 8 से 10 हजार करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि भाजपा केवल सुर्खियों में बने रहने के लिए बेतुकी बयानबाजी कर रही है। राज्य सरकार ने आम जनता की आकांक्षाओं और जरूरतों को ध्यान में रखते हुए नीतियां बनाई हैं। पिछले वर्ष से पहली कक्षा से अंग्रेजी माध्यम की शुरुआत की गई है और 151 स्कूलों को सीबीएसई पैटर्न पर लाया गया है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्राकृतिक रूप से उगाई गई हल्दी को 150 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से खरीदा जाएगा। राज्य सरकार ने जलाशयों में मछली पालन करने वाले किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य देने का निर्णय लिया है। मानसून के दौरान मछली पकड़ने पर प्रतिबंध की अवधि में मछुआरा परिवारों को 3,500 रुपये सम्मान राशि प्रदान की जाएगी। इसके अतिरिक्त, जलाशयों में पकड़ी जाने वाली मछलियों पर रॉयल्टी दर को 15 प्रतिशत से घटाकर 1 प्रतिशत कर दिया गया है। छह चरणों में एक लाख से अधिक अति गरीब परिवारों की पहचान की जा चुकी है और सातवां चरण पूर्ण होने की कगार पर है। उन्होंने कहा कि अति गरीब परिवारों के लिए ‘अपना परिवार-सुखी परिवार योजना’ शुरू की गई है, जिसके तहत पात्र महिलाओं को 1,500 रुपये प्रति माह पेंशन तथा 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली उपलब्ध कराई जाएगी।
राज्य योजना बोर्ड के उपाध्यक्ष और विधायक भवानी सिंह पठानिया ने पुल बनने के बाद यहां औद्योगिक क्षेत्र विकसित किया जाएगा और अगले दो वर्षां में यहां उद्योग आएंगे। इस अवसर पर कृषि मंत्री चौधरी चंद्र कुमार, पूर्व विधायक अजय महाजन, अनुसूचित जाति आयोग के सदस्य एडवोकेट दिग्विजय मल्होत्रा, कांग्रेस नेता कर्ण सिंह पठानिया, एडीसी विनय कुमार, एसपी नूरपुर पुलिस जिला कुलभूषण वर्मा सहित अन्य गण्यमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।