सलूणी (चंबा)। सिविल अस्पताल किहार में मरीजों को अल्ट्रासाउंड तक की सुविधा नहीं मिल रही है। इससे मरीजों को टेस्ट करवाने के लिए 75 किलोमीटर दूर चंबा जाना पड़ रहा है।
सरकार अभी तक यहां मरीजों की सुविधा के लिए अल्ट्रासाउंड की सुविधा उपलब्ध नहीं करवा पाई है। रोजाना दर्जनों गर्भवती महिलाएं और अन्य मरीज अल्ट्रासाउंड करवाने के लिए चंबा का रुख करते हैं। यहां भी मरीजों की संख्या अधिक होने के कारण कई बार उन्हें लंबी तारीख दी जाती है। इसकी वजह से मरीज काफी परेशान हैं। सरकार ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का दर्जा बढ़ाकर सिविल अस्पताल तो कर दिया है लेकिन अभी तक यहां सुविधाओं में विस्तार नहीं किया गया है।
इस अस्पताल पर स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए ग्राम पंचायत किहार, स्नूह, भांदल, किलोड़, डांड और सूरी की दस हजार की आबादी निर्भर करती है लेकिन मौजूदा समय में यह आबादी अल्ट्रासाउंड सुविधा के लिए भटकने को मजबूर है। अशोक कुमार, चैन सिंह, मनोज कुमार, हंसराज और केवल ने बताया कि किहार से चंबा जाना मरीजों के लिए काफी मुश्किल हो जाता है।
यहां से चंबा के लिए बहुत कम मात्रा में बसों की आवाजाही होती है। अगर अल्ट्रासाउंड करवाने के लिए शाम हो जाए तो किहार के लिए कोई बस नहीं मिलती। ऐसी परिस्थिति में मरीजों को चंबा में होटल में कमरा लेकर रात बितानी पड़ती है। अगर रात न बितानी हो तो टैक्सी करके किहार लौटना पड़ता है। कार्यकारी खंड चिकित्सा अधिकारी किहार डॉ. पायल ने बताया कि मरीजों की समस्या से उच्चाधिकारी को अवगत करवाया जा चुका है।