भरमौर(चंबा)। पवित्र मणिमहेश यात्रा के दौरान जगह-जगह लंगर लगाने वाली संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने बढ़ाए शुल्क की अदायगी करने पर ऐतराज जताया है। मंगलवार को लघु सचिवालय में आयोजित बैठक के दौरान प्रतिनिधि मणिमहेश न्यास के ट्रस्ट की ओर से लिए गए निर्णय के खिलाफ रहे। बैठक की अध्यक्षता अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी निशांत ठाकुर ने की।
लंगर संस्थाओं के विरोध के बाद अब उपायुक्त के ध्यान में यह मामला लाया जाएगा। इस मामले में अंतिम फैसला उपायुक्त डीसी राणा ही लेंगे। गौरतलब है कि कुछ दिन पहले मणिमहेश न्यास ने बैठक कर निर्णय लिया था कि लंगर लगाने वाली संस्थाओं से 12,000 के बजाय 15,000 रुपये शुल्क लिया जाएगा। इसके अलावा अन्य शर्तें सफाई, शौचालय भी निर्धारित की थी। वहीं, मंगलवार को आयोजित बैठक में शुल्क के मामले पर लंगर संस्थाएं असहमत दिखीं। गौरतलब है कि दो साल बाद पवित्र मणिमहेश यात्रा होने जा रही है। कोरोना महामारी के चलते दो साल यह आयोजन नहीं हो सका है। बहरहाल, शुल्क को लेकर अंतिम फैसला जिला प्रशासन लेगा।