भराड़ी (बिलासपुर)। घुमारवीं उपमंडल के तहत हमीरपुर-बिलासपुर सीमा से सटे भखयूंडा गांव में तेंदुए के आतंक से लोग सहमे गए हैं। तेंदुए ने मंगलवार सुबह पशुशाला के बाहर बंधी बकरी को अपना शिकार बनाया। शाम ढलते ही बाघ के दहाड़ें सुनाई देती हैं। गांव के लोगों ने शाम ढलने के बाद अकेले घरों से बाहर निकलना बंद कर दिया है। ग्रामीण अपने बच्चों को अकेले स्कूल भेजने से डर रहे हैं।
गांव की जमना देवी ने मंगलवार सुबह भैंस और बकरी को पशुशाला से बाहर बांधा और घास डालकर घर चली गई। इतने में तेंदुए ने बकरी पर हमला कर दिया। आवाज सुनकर जब महिला पशुशाला में पहुंची तो तेंदुआ भाग गया।
ग्रामीणों दिनेश, पंकज, हंसराज, सोहनलाल, सुभाष, आशीष आदि ने बताया कि रिहायशी इलाके में तेंदुए के आतंक से ग्रामीणों के रोजमर्रा के कार्य प्रभावित हो रहे हैं। दिहाड़ी-मजदूरी करने के लिए दूर स्थानों पर जाने वाले लोग शाम ढलने के बाद घर आने से डर रहे हैं। ग्रामीण छोटे बच्चों को अकेले स्कूल नहीं भेज रहे हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग से मांग की है कि तेंदुए को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया जाए।
वन विभाग के रेंज अधिकारी देशराज ने कहा कि टीम मौके पर गई है। इस संबंध में जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। रिपोर्ट बनाकर महिला को उचित मुआवजा दिया जाएगा।