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नहीं मिला सुसाइड नोट, घर से जहर की दो डिब्बियां बरामद

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महाबीर कॉलोनी में दिनेश के परिवार के जहर खाने के बाद घर के बाहर लगी लोगों की भीड़। संवाद - फोटो : Sonipat
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न्यू महावीर कॉलोनी में परिवार के तीन सदस्यों के आत्महत्या करने के मामले में पुलिस को कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। पुलिस जांच के दौरान घर से जहर की दो डिब्बियां बरामद की हैं। वहीं परिवार के सदस्यों ने पुलिस पर बार-बार उन्हें बुलवाने का आरोप लगाया है, जिसे पुलिस ने नकार दिया है।
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वीरवार को दिनेश, उनकी पत्नी ब्रजेश व बेटे अंकित के आत्महत्या के मामले में पुलिस ने घर जाकर जांच की तो कोई सुसाइड नोट नहीं मिला। पुलिस ने भवन निर्माण ठेकेदार के घर से जहर की दो डिब्बियां बरामद की हैं। उसको साक्ष्य के रूप में रख लिया गया है। वहीं पुलिस टीम ने घर से जरूरी साक्ष्य एकत्र किए हैं। तीनों के मोबाइल को सील कर लिया गया है। उनको जांच के लिए भेजा जाएगा। इसके साथ ही पुलिस ने आसपास के लोगों से भी बातचीत कर जानकारी जुटाई है।
परिवार के लोगों ने पुलिस पर उन्हें बार-बार बुलाने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि दो दिन पहले भी बुलाया गया था। वहीं एसएचओ सिविल लाइन इंस्पेक्टर नीरज सिंह ने बताया कि वीरवार को कोई पुलिसकर्मी उनके घर नहीं पहुंचा था। दो दिन पहले उनको पूछताछ के लिए बुलाया गया था और वापस भेज दिया गया था। परिवार को पुलिस से कोई परेशानी नहीं थी। पुलिस को शाम तक कोई सुसाइड नोट नहीं मिला था। पिछले दिनों दोनों पक्षों की पंचायत में शामिल लोगों से भी पुलिस जानकारी जुटा रही है।
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शादी से पहले बेटियों की राय लेना जरूरी : मनोचिकित्सक
जीवीएम कॉलेज में मनोविज्ञान विभाग की प्रोफेसर जेसमीन ने कहा कि छोटी-छोटी बातों पर परिवार उजड़ रहे हैं। बेटियों की शादी से पहले उनकी राय लेनी आवश्यक है। जबरदस्ती शादी करने से वह परिवार के साथ सामंजस्य नहीं बैठा पातीं। साथ ही शादी से पहले बेटी को शिक्षित करना बेहद जरूरी है, जिससे वह अपने पैरों पर खड़ी हो सके। परिवार में कलह होने पर बात आगे न बढ़ सके। साथ ही लोगों को चाहिए कि गुस्से में कोई गलत कदम न उठाएं।
आत्महत्या नहीं किसी समस्या का हल : राम सिंह दहिया
अधिवक्ता राम सिंह दहिया कहते हैं कि आत्महत्या किसी समस्या का हल नहीं है। बेशक मैं नहीं जानता कि परिवार के साथ क्या परिस्थिति रही होगी, उसके बावजूद मानव को जीवन में कठिनाई आने पर संघर्ष करना चाहिए। मानव को रिश्तों को प्राथमिकता देनी चाहिए। अध्यात्म व शिक्षा को जीवन में धारण करें। अगर कोई आरोप लगते हैं तो उसकी पैरवी करें। सच्चाई सामने आ ही जाती है।
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