नगर निगम कार्यालय में पार्षदों के साथ बैठक करते मेयर मनमोहन गोयल । संवाद
प्रॉपर्टी टैक्स व बिल्डिंग ब्रांच में भ्रष्टाचार के आरोपों की आई जांच रिपोर्ट पर सोमवार को फिर पार्षदों ने मेयर से कड़ी आपत्ति जताई है। तय हुआ कि मंगलवार को पार्षद लिखित आपत्ति मेयर को सौंपेंगे, जिसे उच्च स्तरीय जांच के लिए मुख्यमंत्री व गृह मंत्री के पास भेजा जाएगा। संभव है कि जल्द मेयर के नेतृत्व में पार्षदों का प्रतिनिधिमंडल गृह मंत्री से मिलने जाएगा।
पार्षदों ने 28 सितंबर को सदन का बहिष्कार करके प्रॉपर्टी टैक्स व बिल्डिंग ब्रांच में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। तीन दिन धरना-प्रदर्शन के बाद जांच सीटीपी (सीनियर टाउन प्लानर) केके वार्ष्णेय को सौंपी गई। सीटीपी ने विगत दिनों नगर आयुक्त को रिपोर्ट सौंपी। जिसमें जेडटीओ जगदीश चंद्र शर्मा, लिपिक विशाल, देवेंद्र, दिनेश, कमल, बेलदार सचिन व अमित को दोषी माना गया। जांच रिपोर्ट मिलने पर पार्षदों ने कड़ी आपत्ति जताई। आरोप लगाया कि जांच में भेदभाव करके चहेतों को बचाया गया है। इसको लेकर सोमवार को फिर पार्षदों ने मेयर मनमोहन गोयल से निगम कार्यालय में मुलाकात करते हुए जांच रिपोर्ट पर कड़ी आपत्ति जताई। पार्षदों ने कहा कि जांच में निर्दोषों को फंसाया गया है जबकि चहेतों को क्लीन चिट दी गई है। आरोपों की दोबारा से उच्च स्तर से जांच कराई जाए। इस पर मेयर ने पार्षदों से मांग पत्र देने के लिए कहा ताकि मुख्यमंत्री और गृह मंत्री को जांच की संस्तुति की जा सके। इस पर पार्षदों ने मंगलवार को एकजुट होकर पत्र देने का भरोसा दिया। वहीं, मेयर ने पार्षदों के साथ जल्द ही गृह मंत्री से मिलने का आश्वासन दिया।