भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) ने विवादित बयान को लेकर सांसद डॉ. अरविंद शर्मा और अन्य नेताओं के खिलाफ पुलिस को शिकायत दी है। संगठन के जिला प्रधान राजू मकड़ौली ने सदस्यों के साथ एएसपी कृष्ण कुमार लोहचब से मिलकर उन्हें पुलिस अधीक्षक के नाम शिकायत पत्र सौंपा। उन्होंने मांग की कि भाजपा नेताओं के खिलाफ मामला दर्ज किया जाए। साथ ही चेतावनी दी कि अगर पुलिस ने कोई कार्रवाई न की तो संगठन अदालत की शरण लेगा।
राजू मकड़ौली की ओर से पुलिस को दी गई शिकायत में सांसद डॉ. अरविंद शर्मा, पूर्व मंत्री मनीष ग्रोवर, सीनियर डिप्टी मेयर राजकमल सहगल, सतीश नांदल व राजेश भालौठ के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की गई है। शिकायत में कहा गया है कि सांसद ने 6 नवंबर को छोटूराम चौक पर बयान दिया कि जो व्यक्ति मनीष ग्रोवर की तरफ देखेगा, उसकी आंखें निकाल लेंगे। कोई हाथ उठाएगा तो उसका हाथ काट लेंगे। सांसद डॉ. शर्मा ने जानबूझ कर और साजिशन यह बयान दिया है ताकि प्रदेश में दंगे हो जाएं और समाज का आपसी भाईचारा बिगड़े। यह बयान बाकी आरोपियों की मौजूदगी और उनकी सहमति से दिया गया है। अगर पुलिस चाहे तो वह इसका वीडियो भी उपलब्ध करवा सकते हैं। उन्होंने मांग की कि आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। संगठन के कानूनी सेल के प्रभारी एचएस हुड्डा ने कहा कि अगर पुलिस ने कार्रवाई नहीं की तो वह अदालत में जाएंगे। गौरतलब है कि पांच नवंबर को पीएम नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम का सीधा प्रसारण देखने किलोई शिव मंदिर गए पूर्वमंत्री मनीष ग्रोवर और अन्य नेताओं को किसानों ने बंधक बना लिया था। ग्रोवर के हाथ जोड़ने के बाद प्रदर्शनकारी शांत हुए थे। इसके विरोध में 6 नवंबर को भाजपा कार्यकर्ताओं ने छोटूराम चौक पर पूर्व सीएम हुड्डा का पुतला फूंका था। इसी दौरान सांसद डॉ. अरविंद शर्मा ने विवादित बयान दिया था।