फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अखाड़ा हत्याकांड : कोर्ट में बोला अमरजीत, मुझे सुखविंद्र कोच ने बुलाकर मारी गोली

विज्ञापन
विज्ञापन
रोहतक। जाट कॉलेज अखाड़ा हत्याकांड में सोमवार को एएसजे डॉक्टर गगनगीत कौर की अदालत में दो गवाहों के बयान दर्ज हुए। फायरिंग में एकमात्र जिंदा बचे अमरजीत ने अदालत के सामने कहा कि, उसे सुखविंद्र कोच ने कॉल करके बुलाया और आते ही गोली मार दी। जबकि शिकायतकर्ता प्रमोज की गवाही अभी पूरी नहीं हो सकी है। उसके आगे के बयान 22 फरवरी को होंगे। यह जानकारी पीड़ित पक्ष के वकील जय हुड्डा ने दी।
विज्ञापन

वकील ने बताया कि फरवरी 2021 सोनीपत जिले के गांव सरगथल निवासी प्रमोज ने दी शिकायत में बताया था कि उसका भाई मनोज मलिक जाट कालेज के कुश्ती अखाड़े में मुख्य कोच था। साथ ही रेलवे में कार्यरत मनोज की पत्नी साक्षी मलिक व बेटा सरताज भी रहता था। 12 फरवरी की शाम को अखाड़े में मनोज मलिक, उसकी पत्नी साक्षी मलिक, ढाई साल के बेटे सरताज, मथुरा निवासी महिला पहलवान पूजा, मोखरा निवासी प्रदीप मलिक व मांडोठी निवासी सतीश व मदीना निवासी अमरजीत को गोली मार दी गई थी। मनोज, साक्षी, पूजा, प्रदीप व सतीश ने मौके पर दम तोड़ दिया था, जबकि मासूम सरताज ने बाद में पीजीआई में दम तोड़ दिया था। घायल अमरजीत को अखाड़े के बाहर गोली मारी गई थी। उसे घायल हालत में गुरुग्राम के निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया। पुलिस ने मामले में अखाड़े के ही कोच सुखविंदर को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में खुलासा हुआ कि सुखविंदर व अखाड़े के मुख्य कोच मनोज मलिक के बीच तनाव चल रहा था। साथ ही पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक सुखविंद्र ने बताया कि वह हथियार यूपी से खरीदकर लाया था। तभी से सुखविंद्र न्यायिक हिरासत के चलते सुनारिया जेल में बंद है।
बाक्स
22 फरवरी को होंगे दोनों गवाहों से सवाल-जवाब
सोमवार को कोर्ट में अमरजीत के बाद मामले में शिकायतकर्ता प्रमोज के बयान दर्ज हुए, लेकिन पूरे बयान दर्ज नहीं हो सके। अब मामले में 22 फरवरी को पहले जहां प्रमोज की गवाही पूरी होगी। साथ ही दोनों से बचाव पक्ष के वकील सवाल-जवाब करेंगे।
विज्ञापन

वर्जन
अखाड़ा हत्याकांड में सोमवार को पहले फायरिंग में बचे एकमात्र घायल अमरजीत की गवाही हुई। गवाही में उसने पुलिस को दिए बयानों को दोेहराया। साथ ही बताया कि कैसे उसे आरोपी सुखविंद्र कोच ने बुलाकर गोली मारी। जबकि मुख्य कोच मनोज मलिक के भाई प्रमोज की गवाही पूरी नहीं हो सकी। अगली सुनवाई पर गवाही पूरी होने के बाद बचाव पक्ष के वकील सवाल-जवाब करेंगे।
विज्ञापन

- एडवोकेट जय हुड्डा, वकील पीड़ित पक्ष
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें