रेवाड़ी। हरियाणा प्राइवेट स्कूल्स एसोसिएशन के प्रदेशाध्यक्ष रामपाल यादव ने सरकार की ओर से 134ए लागू करने के निर्णय को लेकर बुधवार को प्रतिक्रिया दी है। उनका कहना था नियम को दोबारा लागू करना दुर्भाग्यपूर्ण और अन्याय है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री इस फैसले को तुरंत वापस लें।
राज इंटरनेशनल स्कूल में आयोजित एक बैठक में उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने स्वयं 21 मार्च को 134 ए को समाप्त करने और इसके स्थान पर आरटीई लागू करने की विधानसभा में घोषणा की थी और यह केवल विधानसभा तक ही सीमित नहीं थी बल्कि 30 मार्च 2022 को सरकार के निर्णय अनुसार शिक्षा विभाग ने भी नियम 134 ए को लेकर अधिसूचना जारी कर दी थी। शिक्षा विभाग ने सभी जिला मुख्यालयों पर शिक्षा का अधिकार आरटीई नए सत्र 2022-23 अप्रैल से लागू करने का आदेश दिया था। एसोसिएशन के वरिष्ठ पदाधिकारी जवाहर लाल दूहन ने सख्त शब्दों में कहा कि हमारी एसोसिएशन प्रदेश भर में सरकार के इस निर्णय का खुला विरोध करेगी।
उन्होंने यह मांग उठाई कि मुख्यमंत्री इस फैसले को तुरंत वापस लें और अन्य प्रदेशों की तर्ज पर हरियाणा प्रदेश में भी आरटीई लागू करें। निजी स्कूलों को गरीब परिवारों के बच्चों को पढ़ाने में कोई एतराज नहीं। हम सरकार से कोई टकराव नहीं चाहते। अगर ऐसा नहीं हुआ तो निजी स्कूल जन आंदोलन के लिए मजबूर होंगे और उसकी जिम्मेदारी सरकार एवं शिक्षा विभाग की होगी। इस बैठक में रणवीर सिंह चौधरी, नरेंद्र यादव, हेमंत सैनी व अनिल मखीजा भी शामिल हुए।