चंडीगढ़। पंजाब को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सौगात का मुद्दा मंगलवार को विधानसभा में जमकर गूंजा। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने पीएम मोदी की इस सौगात पर विधानसभा में अपने मन की बात रख डाली। मान ने कहा वह बीते कुछ दिनों से देख रहे हैं कि पीएम मोदी वर्चुअली तौर पर पंजाब के गवर्नर और अपने मंत्रियों के साथ मिलकर पंजाब में अलग-अलग प्रोजेक्टों का उद्घाटन और शिलान्यास करा रहे हैं। केंद्र सरकार के मंत्री और पीएम की फोटो जिस प्रकार इन उद्घाटन कार्यक्रमों में लगाकर इन कार्यों का श्रेय लिया जा रहा है और उसमें आम आदमी पार्टी के स्थानीय जनप्रतिनिधि और पंजाब सरकार को तवज्जो नहीं दी जा रही है, यह गलत है। पीएम के पद पर पहुंचकर यह सब शोभा नहीं देता। आखिरकार पंजाब भी केंद्र के खजाने में अपना हिस्सा डालता है और पंजाब के लोगों के टैक्स के पैसे से ही यह प्रोजेक्ट तैयार होते हैं। सीएम ने कहा हमें फोटो खिंचवाने का कोई शौक नहीं है, लेकिन अपना बनता हक नहीं छोड़ेंगे।
मुख्यमंत्री मान ने पंजाब विधानसभा सत्र के दौरान कहा कि प्रधानमंत्री राज्य के सात रेलवे स्टेशनों को अपग्रेड करने के काम का उद्घाटन कर रहे हैं, लेकिन बदकिस्मत से सूबे के लोगों और पंजाब सरकार को इसके लिए न्योता तक नहीं दिया गया। राज्य के विकास को दिखाने वाले समागमों के इस तरह के राजनीतीकरण से बचना चाहिए क्योंकि यह देश के हित में नहीं है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि देश की शीर्ष लीडरशिप ‘कार्यों का सेहरा’ लेने के लिए ऐसे कार्य कर रही है। जब चुनाव नजदीक आ रहे हैं तो लोगों को गुमराह करने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपनाए जा रहे हैं।
चुनाव प्रचार में निजी हमलों से बचें सभी राजनीतिक दल, कार्याें पर उठाएं सवाल
मुख्यमंत्री मान ने विधानसभा में लोकसभा चुनाव को देखते हुए सभी राजनीतिक पार्टियों और नेताओं से यह अपील की कि चुनाव प्रचार प्रसार के दौरान कोई भी दल या नेता एक दूसरे के निजी मसलों या पारिवारिक टिप्पणियां न करें। हो सके तो नेता एक-दूसरे को और दलों को उनके कार्याें और सरकार की नीतियों पर सवाल उठाएं।
मान की मन की बात पर नेता प्रतिपक्ष बाजवा ने घेरा
पंजाब को पीएम मोदी की सौगात पर जहां मुख्यमंत्री भगवंत मान ने पंजाब में आप सरकार को तवज्जो न दिए जाने पर मन की बात रखी, वहीं विधानसभा में शून्यकाल के दौरान ही नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने भी सीएम की बातों को सही ठहराते हुए सीएम को ही घेर लिया। बाजवा ने कहा कि उनके हलके में आम आदमी पार्टी के स्थानीय नेता व जनप्रतिनिधि उनके द्वारा किए गए विकास कार्याें और प्रोजेक्ट के बिना उन्हें बुलाए या तवज्जो दिए उद्घाटन कर रहे हैं। बाजवा ने विधानसभा स्पीकर से कहा कि सीएम ने यह बिलकुल सही मुद्दा उठाया है, इस पर सख्त दिशा-निर्देश बनने चाहिए, जिसका पालन होना चाहिए। नेता प्रतिपक्ष बाजवा की ओर से इसको लेकर नियम बनाने की मांग पर और सीएम द्वारा पीएम मोदी के उद्घाटन कार्यक्रम पर उठाए सवालों का जवाब देने के लिए समय न मिलने पर भाजपा के विधायक अश्वनी शर्मा ने जमकर हंगामा किया।