पांच बार पंजाब के मुख्यमंत्री रह चुके प्रकाश सिंह बादल ने आईजीआई एयरपोर्ट अधिकारियों की ओर से दर्शन सिंह धालीवाल को भारत में प्रवेश से इनकार कर वापस अमेरिका भेजने पर कड़ी नाराजगी जताई है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से कहा कि वे इस तरह के अन्याय के लिए तुरंत व्यक्तिगत और प्रभावी ढंग से हस्तक्षेप करें।
बादल ने प्रधानमंत्री से अनुरोध किया कि वे दर्शन सिंह धालीवाल को सद्भावना के रूप में आमंत्रित करें, जिससे प्रवासी भारतीयों को एक सकारात्मक संकेत मिलेगा।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कृषि के लिए एक एजेंडा स्पष्ट किया, जिसमें अन्य बातों के साथ साथ तीनों कृषि कानूनों को रद्द करना, उन्हें प्रभावित करने वाले किसी भी कानून से पहले हितधारकों को बोर्ड में लेकर जाना, खेती नीतियों पर सरकार को सलाह देने के लिए किसानों और कृषि विशेषज्ञ के साथ एक पैनल बनाना और न्यूनतम समर्थन मूल्य के साथ सुनिश्चित विपणन के लिए फसलों की सूची का विस्तार करना शामिल है।
धालीवाल को 23-24 अक्तूबर की रात को आईजीआई हवाई-अड्डे से अधिकारियों ने यह कहते हुए वापस भेज दिया कि यह दिल्ली की सीमाओं पर आंदोलन करने वाले किसानों के लिए लंगर परोसने के लिए सजा के रूप में किया जा रहा है। उन्होंने इसे महान गुरु साहिबान द्वारा शुरू की गई लंगर की पवित्र प्रथा का अपमान बताया। बादल ने प्रधानमंत्री से आग्रह किया कि वे उन दोषी अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें, जिन्होंने यह कार्रवाई करके देश का नाम खराब किया। धालीवाल जो अपनी पत्नी के साथ एक परिवार में शादी में भाग लेने के लिए भारत आ रहे थे, को किसानों का समर्थन करने या देश में प्रवेश करने के बीच एक को चुनने के लिए कहा गया। उन्हें विशेष रूप से कहा गया कि अगर वह अपने देश वापस आना चाहते हैं तो किसानों को लंगर बरताना बंद करें।
किसान आंदोलन को बताया राष्ट्रीय
किसानों के चल रहे आंदोलन को प्रकाश सिंह बादल ने राष्ट्रीय आंदोलन बताया। उन्होंने कहा कि इस सभ्य शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक आंदोलन में भाग लेने वालों की मदद करना गलत या गैरकानूनी नहीं है। कृषि के लिए अपने एजेंडे का ब्योरा देते हुए बादल ने कहा कि किसानों को प्रभावित करने वाले किसी भी कानून, नीति या प्रशासनिक निर्णय को हितधारकों को बोर्ड में लेने के बाद ही किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसानों को अपने भाग्य को प्रभावित करने वाले मुद्दों पर निर्णय लेने की प्रक्रिया में प्रभावी ढंग से शामिल किया जाना चाहिए।