पंचकूला। झूरीवाला डंपिंग ग्राउंड को लेकर सेक्टर-25 आरडब्ल्यूए ने कमर कसकर चौतरफा लड़ाई की तैयारी कर ली है। आरडब्ल्यूए जहां सड़कों पर उतरकर लगातार विरोध कर रही है। वहीं, पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के साथ ही एनजीटी का दरवाजा भी खटखटा दिया है। इस पर सुनवाई कर 17 सितंबर को एक विशेष टीम गठित कर पूरी रिपोर्ट दाखिल करने के आदेश दिए हैं। एनजीटी की ओर से गठित की गई टीम ने शुक्रवार को गांव झूरीवाला डंपिंग ग्राउंड का निरीक्षण किया। जहां पर सेक्टर-25 आरडब्ल्यूए के सदस्यों ने टीम में शामिल अधिकारियों को स्थिति से अवगत करवाया।
झूरीवाला डंपिंग ग्राउंड के विरोध में आरडब्ल्यूए एनजीटी का रुख करने के साथ ही पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में भी एक याचिका दायर कर चुकी है। इस पर हाईकोर्ट ने 20 सितंबर को सुनवाई कर हरियाणा सरकार से मामले में एक सप्ताह के अंदर हलफनामा दायर करने का आदेश दिया था। वहीं, मामले में 29 सितंबर को होनी वाली सुनवाई पर अगली तारीख एक नवंबर की दे दी। गौरतलब है कि आरडब्ल्यूए लगातार डंपिंग ग्राउंड के विरोध में क्षेत्रीय लोगों को होने वाली बीमारियों समेत समस्या से लेकर वन्यजीव, जंगल और घग्गर नदी के प्रदूषित होने का मुद्दा उठाकर विरोध करते आ रही है।
एनजीटी द्वारा गठित टीम ने किया दौरा
एनजीटी ने 17 सितंबर को एक सुनवाई कर तीन विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों की एक समिति गठित करने का आदेश दिया था। आदेश के अनुसार समिति में सेक्टर-6 स्थित हरियाणा वन्य जीव विभाग, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड नई दिल्ली और हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं। निरीक्षण के दौरान आरडब्ल्यूए के सदस्यों ने कड़ी आपत्तियां जताई।