पलवल। छेड़छाड़ और अभद्र व्यवहार के मामले में बयान दर्ज कराने गए जिला बाल संरक्षण अधिकारी कपिल कुमार को पुलिस के हवाले कर दिया गया। कपिल कुमार पर महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार और गलत शब्दों का प्रयोग करने का आरोप है। हरियाणा राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रेणू भाटिया ने इस बारे में महिला थाना पुलिस पलवल को एफआईआर दर्ज करने के भी निर्देश दिए हैं। महिला आयोग के पंचकूला स्थित कार्यालय में जांच के दौरान कपिल कुमार को आरोपी मानते हुए पुलिस के हवाले किया गया।
दरअसल, मार्च माह में करीब 10 महिलाओं ने जिला बाल संरक्षण अधिकारी कपिल कुमार के खिलाफ शिकायत दी थी। जिला उपायुक्त कृष्ण कुमार को सौंपी गई शिकायत में अधिकारी पर छेड़छाड़ व अश्लील शब्दों का प्रयोग करने के आरोप थे। उपायुक्त ने शिकायत को महिला पुलिस थाने में जांच के लिए भेज दिया। पुलिस के अलावा विभागीय तौर पर चीनी मिल की प्रबंध निदेशक सुमन भाखड़ को मामले की जांच सौंपी गई। पीड़ित महिलाओं ने इस बारे में राज्य महिला आयोग को भी शिकायत भेजी। बीते माह पलवल आई आयोग की चेयरपर्सन रेणु भाटिया से भी मिलकर महिलाओं ने न्याय की गुहार लगाई थी। आयोग ने इस मामले की सुनवाई के लिए दोनों पक्षों, गवाहों व पुलिस जांच अधिकारी को नोटिस जारी कर पंचकूला स्थित महिला आयोग के कार्यालय में तलब किया। बुधवार को जांच के दौरान सभी पक्षों के बयान दर्ज होने के बाद राज्य आयोग की अध्यक्ष रेणू भाटिया ने जिला बाल संरक्षण अधिकारी कपिल कुमार को आरोपी मानते हुए कार्रवाई के निर्देश दिए। मौके पर ही आरोपी को पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
कपिल कुमार पलवल में पिछले पांच साल से जिला बाल संरक्षण अधिकारी के तौर कार्यरत है। सेवा काल के दौरान विवादों में घिरे रहे हैं। एक दुष्कर्म पीड़िता से हुए बच्चे के मामले में भी अधिकारी की कार्यशैली पर सवाल खड़े किए गए हैं। आरोपी पर दुष्कर्म पीड़िता की पहचान उजागर करने का आरोप लगा था। मामले की शिकायत भी की गई थी।