महेंद्रगढ़। हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय (हकेंविवि) महेंद्रगढ़ और सीएसआईआर-आईएचबीटी, पालमपुर ने अनुसंधान और शैक्षणिक गतिविधियों में सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। सीएसआईआर-आईएचबीटी के स्थापना दिवस पर हुए इस एमओयू पर हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय की ओर से कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार तथा सीएसआईआर-आईएचबीटी, पालमपुर की ओर से निदेशक डॉ. संजय कुमार ने हस्ताक्षर किए। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने कहा कि यह समझौता ज्ञापन दोनों संस्थानों के बीच विशेष रूप से जीवन विज्ञान और अंत:विषय विज्ञान विभागों के क्षेत्र में सहयोग और सुविधा प्रदान करेगा। इस अवसर पर डॉ. संजय कुमार ने प्रो. टंकेश्वर कुमार, शोध अधिष्ठाता, प्रो. नीलम सांगवान, कुलसचिव, प्रो. सुनील कुमार, वित्त अधिकारी डॉ. विकास कुमार का स्वागत किया।
प्रो. नीलम सांगवान ने बताया कि इस समझौता ज्ञापन के माध्यम से संकाय सदस्यों और विद्यार्थियों के आदान-प्रदान, प्रशिक्षण और राष्ट्रीय संगोष्ठियों, कार्यशालाओं के आयोजन, ज्ञान, कौशल और संसाधनों को साझा करने आदि सहित संयुक्त पारस्परिक हित की अनुसंधान और शैक्षणिक गतिविधियों को बढ़ावा देने व मजबूती प्रदान करने में मददगार साबित होगा। समझौता ज्ञापन के अवसर पर भारत सरकार के पूर्व सचिव, टेक्नोलॉजी एनएबलिंग सेंटर, अन्ना विश्वविद्यालय, चेन्नई के प्रतिष्ठित प्रो. व विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय, भारत सरकार के डॉ. टी. रामासामी भी उपस्थित रहे।
बता दें कि सीएसआईआर-आईएचबीटी पालमपुर हिमालयी क्षेत्रों के जैव संसाधनों में अनुसंधान करने वाला प्रमुख राष्ट्रीय संस्थान है। संस्थान ने उद्योगों के साथ-साथ किसानों के लिए अनुसंधान आधारित प्रौद्योगिकियों का विकास किया है। वहीं हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय एक केंद्रीय विश्वविद्यालय है जो स्नातक, स्नातकोत्तर, पीएचडी कार्यक्रमों का सफल संचालन कर रहा है। विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ इंटरडिसिप्लिनरी एंड एप्लाइड साइंसेज और स्कूल ऑफ बेसिक साइंसेज से संबंधित संकाय सदस्य वैज्ञानिक अनुसंधान के विशिष्ट क्षेत्रों में लगे हुए हैं, जो वैश्विक और राष्ट्रीय महत्व के हैं।