सिखों पर अभद्र टिप्पणी करने के मामले में सिख महापंचायत में 15 सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है। यह कमेटी हरियाणा पुलिस महानिदेशक से मिलकर मामले में कार्रवाई की मांग करेगी। यदि इसके बाद भी भाकियू (मान ग्रुप) के प्रदेशाध्यक्ष गुणी प्रकाश के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो फिर उपरोक्त कमेटी के निर्णय अनुसार हरियाणा के साथ-साथ पंजाब व दिल्ली की संगत के सहयोग से आंदोलन छेड़ा जाएगा। यह निर्णय दिल्ली सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी के प्रधान मनजिंदर सिंह की अगुवाई में हुई सिख महापंचायत में लिया गया।
गुरुद्वारा छठी पातशाही में आयोजित महापंचायत में मनजिंदर सिंह ने कहा कि लाखों कुर्बानियों के बाद सिख कौम को दस्तार मिली है, इसलिए दस्तार का अपमान किसी भी कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सिख कौम मानवता की सेवा के लिए हमेशा तत्पर रहती है और हर धर्म का आदर करती है, मगर कुछ शरारती तत्वों द्वारा सिखों को भड़काने के लिए उनकी धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई जा रही है। सिख परिवार हरियाणा के प्रदेशाध्यक्ष कवलजीत सिंह अजराना ने कहा कि समुदाय पर अभद्र टिप्पणी सिख कौम बर्दाश्त नहीं करेगी। मनोज सिंह दुहन ने कहा कि मामले में एकजुटता से मुंहतोड़ जवाब दिया जा सकता है। धर्म प्रचार कमेटी के मेंबर तजिंदर सिंह ने कहा कि यह एक षड्यंत्र है, जिसके तहत सिखों को निशाना बनाया जा रहा है। इस दौरान भूपिंदर सिंह, सर्वजीत सिंह, अमरीक सिंह, हरकेश सिंह, सुखबीर सिंह, अमरीक सिंह, गुरमीत सिंह, तेजपाल सिंह, महिंदर सिंह सहित अन्य मौजूद रहे।
सिख मिशन हरियाणा के प्रभारी ने रखी मांगे
सिख मिशन हरियाणा के प्रभारी ज्ञानी मंगप्रीत सिंह ने महापंचायत के दौरान सरकार के समक्ष कुछ मांगे रखी। उन्होंने तीनों कृषि कानून रद्द करने और हरियाणा में पंजाबी को सही अर्थों में दूसरी भाषा का दर्ज देने की मांग रखी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा आनंद कारज मैरिज एक्ट को लागू कर दिया गया है, हरियाणा सरकार भी इसे लागू करे।
कमेटी में ये हैं शामिल
कवलजीत सिंह अजराना की अगुवाई में एसजीपीसी मेंबर जत्थेदार भूपिंदर सिंह, सुखबीर सिंह, अमरजीत सिंह, जसबीर सिंह, तजिंदर पाल सिंह, अमरीक सिंह, जत्थेदार महिंदर सिंह, इंदरजीत सिंह, जगदीप सिंह, मनोज सिंह, अनुराधा, लखविंदर सिंह, बलविंदर सिंह व सर्वजीत सिंह चट्ठा कमेटी में शामिल हैं।