पांच माह पहले डाकपाल के साथ 20 लाख रुपये का गबन करने के मामले में शामिल एक महिला को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी महिला को दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। वहीं, मामले के दो मुख्य आरोपी पुलिस गिरफ्त से बाहर है।
पुलिस उप-अधीक्षक सुभाष चंद्र ने बताया कि 3 अप्रैल को सोहनलाल गुप्ता ने शिकायत में बताया कि वह गांव रोहटी में दुकानदारी के साथ-साथ शाखा डाकपाल का कार्य भी करता है। उसे पोस्ट ऑफिस ने इंडियन पोस्ट पेमेंट बैंक के लिए अधिकृत किया हुआ है। इसके लिए पोस्ट ऑफिस की ओर से उसे एक मोबाइल फोन भी दिया हुआ है। इस मोबाइल फोन के माध्यम से ही सारा लेन-देन होता है। हालांकि इस मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने की ज्यादा जानकारी नहीं थी इसलिए उसका पड़ोसी संदीप शर्मा, जोकि लॉकडाउन की वजह से घर पर ही था तथा उसकी मदद करने दुकान आ जाता था।
आरोपी ने अगस्त 2020 से अपने खाते में पोस्ट ऑफिस मोबाइल फोन से फर्जी डिपॉजिट करनी शुरू कर दी थी। आरोपी उसके पैसे अपने मोबाइल फोन एप से अपने जानकारों और अपने दोस्तों के खातों में धोखाधड़ी करके डालने लगा था। आरोपी ज्यादा पैसे लेकर एप में कम पैसे की एंट्री करता था। उसके बाद आरोपी संदीप ने अपने दोस्त अनमोल को उसकी दुकान पर लगवा दिया था। अनमोल भी संदीप के साथ मिलीभगत करके अपने जानकारों और दोस्तों के खातों में पैसे ट्रांसफर करता था। उसे उनकी धोखाधड़ी की कोई जानकारी नहीं थी।
वहीं, लॉकडाउन के कारण पोस्ट ऑफिस भी बंद थे तथा रोजाना की ट्रांजेक्शन की रिपोर्ट नहीं भेज रहे थे। जब एक दिन वह ट्रांजेक्शन रिपोर्ट की जानकारी के लिए पोस्ट ऑफिस पहुंचा तो अधिकारी ने उसे मोबाइल फोन से रिपोर्ट निकालने की जानकारी दी। जब उस अधिकारी ने अपने मोबाइल फोन में रिपोर्ट की जांच की तो उसे उनकी धोखाधड़ी की जानकारी लगी। आरोपियों ने आपस में मिलीभगत करके धोखाधड़ी से पोस्ट ऑफिस के करीब 20 लाख रुपये गबन कर लिए।
शिकायत पर थाना झांसी में मामला दर्ज करके जांच साइबर सेल को सौंपी थी। पुलिस ने जांच करते हुए मामले में शामिल एक महिला को गिरफ्तार करके दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया था। महिला के खाते में ही आरोपी संदीप ने रुपये ट्रांसफर किए थे। पुलिस ने महिला से रिमांड अवधि के दौरान पांच हजार रुपये बरामद करके महिला को जेल भेज दिया है। जब मामले की मुख्य आरोपी संदीप शर्मा और अमन अभी फरार हैं। उक्त महिला के नाम आरोपी संदीप सिंह ने दो लाख रुपये ट्रांजेक्शन की हुई थी, जिससे महिला ने एक प्लाट खरीदा था।