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जींद: जिला नगर योजनाकार समेत तीन लोग गिरफ्तार, मई में दर्ज हुआ था मामला

Tue, 12 Jul 2022 09:56 PM IST
भूपेंद्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, जींद (हरियाणा)

सार

तीनों पर मई में जेई को मानसिक रूप से परेशान करने, जातिसूचक गालियां देने का मामला दर्ज हुआ था। तीनों को मंगलवार को अदालत में पेश किया गया, जहां से उनको जेल भेज दिया। 
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arrest symbol - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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हरियाणा के जींद में सिविल लाइन थाना पुलिस ने जिला नगर योजनाकार विभाग के जेई को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने, जातिसूचक गालियां देने के आरोप में मंगलवार को जिला नगर योजनाकार अरविंद्र ढुल समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया। तीनों को मंगलवार को अदालत में पेश किया गया, जहां से उनको जेल भेज दिया। तीनों के खिलाफ मई महीने में मामला दर्ज हुआ था। 

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जिला नगर योजनाकार कार्यालय के जेई नवीन कुमार ने एससी एसटी आयोग को भेजी शिकायत में बताया था कि जिला नगर योजनाकार अरविंद्र ढुल, कार्यालय सहायक अमित मलिक तथा सेवानिवृत्त कर्मचारी कृष्ण चंद्र उस पर नाजायज काम करवाने के लिए दबाव बनाते हैं। जब वह मना करता है तो उसे जातिसूचक गालियां दी जाती हैं और मानसिक तौर पर प्रताड़ित किया जाता है।

उस पर भ्रष्टाचार करने के लिए दबाव बनाते है। नरवाना में भी उसके साथ मारपीट करवाई गई थी। वर्ष 2016 में मधुकारा डेवलपर्स रेजिडेंशियल पलोटेड कॉलोनी ने 24 एकड़ में गांव हैबतपुर के निकट साइट काटी थी। इसमें लाइसेंस मिलने से पहले ही सड़कों का निर्माण कर दिया था। डीटीपी ने उस साइट पर कोई निर्माण नहीं होने की बात कही थी जबकि उसने फोटो के साथ मुख्यालय को असल रिपोर्ट भेजी थी।
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इस पर डेवलपर्स को एक करोड़ रुपये जुर्माना लगाते हुए निर्माण हटाने के आदेश दिए थे। आठ दिसंबर 2021 को जिला नगर योजनाकार ने केबिन में बुलाकर उसे जातिसूचक शब्द बोले गए। आठ दिसंबर 2020 को सेवानिवृत्त सहायक ड्राफ्टमैन कृष्ण चंद्र, सहायक अमित मलिक ने हैबतपुर रोड पर चल रहे अवैध निर्माणों पर छुट्टी वाले दिन पैसे मांगे थे।

इसकी जांच डीएमसी के पास चल रही है। इस पर दोनों ने उसे धमकी दी। अप्रैल 2021 में डीटीपी की मिलीभगत से नया बस स्टैंड के पीछे कॉलोनी विकसित हुई। मुख्यालय को शिकायत करने पर उसे सफीदों का कार्यभार दे दिया गया। वहां पर भी मिलीभगत से अवैध कॉलोनी पनप रही थी।

काम रुकवाने पर सहायक अमित मलिक ने उसे प्रापर्टी डीलरों से शपथ पत्र लेकर फंसवाने की धमकी दी। इस बारे में डीटीपी को अवगत करवाया तो उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की। एससी एसटी आयोग के आदेश पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने 27 मई को डीटीपी अरविंद्र ढुल, सहायक अमित मलिक व सेवानिवृत कर्मी कृष्ण चंद्र के खिलाफ  धमकी देने, एससी एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था। डीएसपी रवि ने बताया कि मंगलवार को डीटीपी अरविंद्र ढुल समेत तीनों को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।

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