हिसार। सरकारी स्वीमिंग पूल की सुविधा नहीं होने के कारण खिलाड़ी प्रतिमाह तीन से चार हजार रुपये खर्च कर तैराकी सीखने को मजबूर हैं। इतना ही नहीं, हिसार के काफी खिलाड़ी गुरुगाम और बहादुरगढ़ में रहकर स्वीमिंग का प्रशिक्षण ले रहे हैं। खिलाड़ियों का कहना है कि खेल विभाग आज तक सरकारी स्वीमिंग पूल नहीं बनवा पाया है। ऐसे में उन्हें मजबूरन बाहर रहकर तैराकी सीखनी पड़ रही है। जबकि हिसार में तैराकी के स्टेट से लेकर नेशनल तक के काफी खिलाड़ी हैं मगर यहां आज तक सुविधा नहीं मिल पाई है। जिले में एक भी सरकारी स्वीमिंग पूल नहीं है, ऐसे में कैसे तैराक राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक ला पाएंगे।
खेल सुविधाओं के लिए प्रयासरत समाजसेवी योगराम शर्मा ने बताया कि उन्होंने इस बारे में कई बार सीएम को अनुरोध किया था। वर्ष 2018 में सीएम कार्यालय से डीसी कार्यालय में पत्र आया था। जिसमें सीएम कार्यालय ने लघु सचिवालय आवासीय कालोनी के पास उपलब्ध जमीन के बारे में रिपोर्ट मांगी थी। प्रशासन की ओर से अब तक इस बारे में प्रस्ताव नहीं भेजा। उन्होंने बताया कि इंटरनेशनल लेवल का स्वीमिंग पूल बनाने के लिए 9 एकड़ जमीन की जरूरत पड़ेगी। महाबीर स्टेडियम में इतनी जगह उपलब्ध नहीं है। शहर के पास सरकारी जमीन लघु सचिवालय आवासीय कॉलोनी के पास ही ऐसी जमीन उपलब्ध होने के कारण इस जमीन को प्राथमिकता दी गई थी। किन्हीं कारणों से वह जमीन सरकारी और कम होने के कारण फाइनल नहीं हो पाई।
अब विभाग दूसरी जगह स्वीमिंग पूल को लेकर जमीन तलाशेगा। स्वीमिंग में हिसार के खिलाड़ियों का अच्छा प्रदर्शन रहता है। ऐसे सभी खिलाड़ी निजी स्वीमिंग पूल या दूसरे जिले के स्वीमिंग पूल में अभ्यास करने को मजबूर हैं। जिले में स्वीमिंग पूल नहीं होने के कारण यहां स्वीमिंग कोच की तैनाती भी नहीं होती है। प्रदेश सरकार को इस बारे में कई बार अनुरोध किया जा चुका है।
हिसार में सरकारी स्वीमिंग पूल की कोई सुविधा नहीं है। यहां जो भी प्राइवेट स्वीमिंग पूल बने हुए हैं वह ऑल वेदर नहीं है। उन स्वीमिंग पूल में सिर्फ गर्मियों में ही प्रैक्टिस कर सकते हैं। ऐसे में मजबूरन मैं बहादुरगढ़ में तैराकी सीख रही हूं। - अस्मिता, स्टेट मेडलिस्ट, तैराकी
हिसार में भी काफी नेशनल स्तर के खिलाड़ी हैं, लेकिन यहां सुविधा नहीं होने के चलते उन्हें बाहर रहकर अभ्यास करना पड़ रहा है। मैं भी बहादुरगढ़ में प्रैक्टिस करने को मजबूर है, जबकि मेरे पिता हिसार में रहते है। हिसार में सरकारी स्वीमिंग पूल बनवाया जाए। - अवनिता, स्टेट मेडलिस्ट, तैराकी
मैंने अभी स्वीमिंग पूल में प्रैक्टिस करनी शुरू की है। मैं जिला स्तर पर पदक जीत चुका है। अब मेरा सपना स्टेट और नेशनल प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल जीतने का है। इसके लिए मैं काफी मेहनत कर रहा हूं, लेकिन खेल विभाग की ओर से सरकारी स्वीमिंग पूल की सुविधा दी जाए। - यश, खिलाड़ी
स्वीमिंग पूल को लेकर अभी जगह फाइनल नहीं हो पाई है। खिलाड़ियों के लिए स्वीमिंग पूल बनना बहुत जरूरी है। स्वीमिंग पूल के लिए नई जगह जमीन तलाशी जाएगी।- कृष्ण कुमार बेनीवाल, जिला खेल अधिकारी