नशे की दवाओं की सप्लाई के मामले में दिल्ली स्थित दवा फैक्टरी के मालिक गौरव अरोड़ा को फतेहाबाद पुलिस दो अन्य मामलों में पूछताछ के लिए प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आई है। दिल्ली के राजौरी गार्डन निवासी गौरव अरोड़ा पर नरेला स्थित अपनी फैक्टरी में नशे की दवाएं बनाकर सप्लाई करने का आरोप है। अक्टूबर 2020 में पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था। रिमांड के दौरान उसकी फैक्टरी से 5 लाख की नगदी बरामद की थी, तब से वह जेल में था।
फतेेहाबाद की एंटी नारकोटिक्स टीम ने कुछ दिन पहले गांव जांडली खुर्द के समीप नाका लगाया हुआ था। इस दौरान मोटरसाइकिल सवार दो युवकों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 8200 नशे की गोलियां बरामद की थी। इस मामले में पुलिस छह आरोपियों को पहले गिरफ्तार कर चुकी थी। पूछताछ के दौरान सातवें आरोपी के रूप में गौरव अरोड़ा का नाम सामने आया। पुलिस को पता चला कि उक्त नशे की गोलियों का सप्लायर गौरव ही है। इसके चलते हिसार जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लेकर गौरव को एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया। इस दौरान उससे 5 हजार की नकदी बरामद की, जो नशीली दवा बेचकर कमाए थे। सदर फतेहाबाद थाने में दर्ज नशे की दवा तस्करी के अन्य मामले में भी पुलिस ने आरोपी गौरव को जांच में शामिल किया है। इस मामले में एंटी नारकोटिक्स सेल की टीम ने गांव खाराखेड़ी के समीप नाकाबंदी के दौरान एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर 22 हजार नशे की गोलियां बरामद की थी। इस मामले में तीन आरोपियों को पुलिस पहले गिरफ्तार कर चुकी है।