फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हत्या प्रयास मामले में कोर्ट से छिपाये तथ्य, एएसआई पर कार्रवाई के आदेश

विज्ञापन
विज्ञापन
हत्या प्रयास के एक मामले में वास्तविक तथ्य छिपाने पर जिला एवं सत्र न्यायाधीश डीआर चालिया की अदालत ने जांच अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए हैं। जांच अधिकारी एएसआई खेताराम ने अदालत से यह तथ्य छिपाया था कि आरोपी की जमानत याचिका एक बार खारिज हो चुकी है।
विज्ञापन

मामला फतेहाबाद शहर थाना का है। हत्या प्रयास के मामले में आरोपी अभि कुमार ने दूसरी बार जमानत की अर्जी लगाई थी। मगर जमानत याचिका में यह तथ्य छिपा लिया गया कि उसकी पहली अर्जी सेशन न्यायालय के बाद हाईकोर्ट से भी खारिज हो चुकी है। बल्कि अदालत के समक्ष यह बताया गया था कि इससे पूर्व लगाई गई अर्जी वापस ले ली गई थी। नियमानुसार जमानत की अर्जी पर अदालत ने पुलिस विभाग से जवाब मांगा। अदालत में दाखिल जवाब में मामले के जांच अधिकारी एएसआई खेताराम ने भी नहीं बताया कि आरोपी अभि सिंह ने इससे पूर्व तत्कालीन जिला एवं सत्र न्यायाधीश एके जैन की अदालत में भी लगाई थी और वह अर्जी मेरिट के आधार पर खारिज हो गई थी। इसके बाद हाईकोर्ट ने भी जमानत खारिज कर दी थी। मगर मामले से जुड़े उपरोक्त सभी तथ्य सत्र न्यायालय के संज्ञान में आ चुके थे।
7 सितंबर 2021 को जमानत की अर्जी पर सुनवाई हुई, जिसमें सारी गड़बड़ी सामने आ गई। इस पर अदालत ने आरोपी के वकील को भी फटकार लगाई है। वहीं अदालत ने अपने आदेश में लिखा है कि एएसआई खेताराम ने जानबूझ कर तथ्य छिपाए हैं। यह यकीन करना मुश्किल है कि मामले के जांच अधिकारी को जमानत याचिका खारिज होने की जानकारी ही न हो। इसलिए अदालत ने पुलिस अधीक्षक को कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
विज्ञापन

यह है मामला
शहर थाना में 11 मार्च 2020 को ठाकर बस्ती निवासी कमल सिंह की शिकायत पर दो लोगों के खिलाफ हत्या प्रयास का मामला दर्ज हुआ था। इसमें एक आरोपी अभि उर्फ एमसी व दूसरा राजेश जांगड़ा है। बयान में कमल सिंह ने बताया था कि वह 10 मार्च को अपने दोस्त सिकंदर उर्फ नोनू के साथ भट्टू रोड पर एक गली में गए थे। वहां पर उनके जानकार अभि उर्फ एमसी व राजेश जांगड़ा मिल गए। वे चारों शराब पी रहे थे। इस दौरान अभि व राजेश की सिकंदर उर्फ नोनू के साथ कहासुनी हो गई। बताया कि कहासुनी के दौरान अभि उर्फ एमसी ने शराब की बोतल उठाकर सिकंदर उर्फ नोनू के सिर में दे मारी। वहीं राजेश ने भी उसके मुंह पर ईंट से हमला कर दिया। दोनों को गंभीर चोटें आई, जिसके बाद अस्पताल में भर्ती करवाया। यहां से अग्रोहा रेफर कर दिया गया। अगले दिन पुलिस ने बयान दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ धारा 307 के तहत मामला दर्ज किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें