अब कस्बा जूई, ढिगावा और तोशाम में भी अलग से सब्जी मंडियों का निर्माण होगा। इसके लिए हरियाणा कृषि विपणन बोर्ड ने मुख्यालय को मसौदा भेजा है। जबकि जिले के लोहारू, बहल और सिवानी में अलग से सब्जी मंडी निर्माण का काम पहले से ही चल रहा है।
जिले में तीन मंडियां नई बनेंगी, जबकि तीन का पहले से ही काम चल रहा है। जिला मुख्यालय की मंडी सहित जिले में अब सात सब्जी मंडियां होंगी। इसका भिवानी जिले के करीब डेढ़ लाख से अधिक किसानों को लाभ मिलेगा। सब्जी उत्पादक किसानों के लिए लोकल मंडियां होने से उन्हें दूसरे जिलों या फिर प्रांतों में अपने फसल उत्पाद बेचने के लिए चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। वहीं स्थानीय मंडियों में किसानों के साथ-साथ मासाखोरों के लिए फड़ की व्यवस्था होगी। वहीं ई-ऑक्शन से सब्जी के थोक विक्रेताओं के लिए दुकानों का भी आवंटन होगा।
कस्बा जूई कलां में करीब 24 एकड़ में 1976 में अनाज मंडी का निर्माण हुआ था। ये मंडी जिला मुख्यालय की मंडी जितनी ही पुरानी हैं। अब जूई की अनाज मंडी के साथ ही हरियाणा कृषि विपणन बोर्ड की करीब ढाई एकड़ खाली जगह पर सब्जी मंडी का निर्माण कराया जाएगा। मंडी की जगह चिह्नित किए जाने के साथ-साथ इसके निर्माण का ब्लूप्रिंट भी तैयार होगा। इसमें किसानों के साथ-साथ आढ़तियों और माशाखोरों के लिए भी अलग से फड़ एवं जगह की व्यवस्थाएं होंगी।
इसी तरह तोशाम की अनाज मंडी किसान विश्राम गृह के पीछे हरियाणा कृषि विपणन बोर्ड ने अपनी करीब दो एकड़ भूमि को सब्जी मंडी निर्माण के लिए चिह्नित कर दिया है। जबकि कस्बा ढिगावा अनाज मंडी के समीप ही कृषि विपणन बोर्ड ने अपनी जगह पर सब्जी मंडी निर्माण का खाका तैयार किया है। ढिगावा अनाज मंडी के समीप ही करीब एक एकड़ भूमि पर अलग से सब्जी मंडी बनाई जाएगी। संवाद
पांच से 11 करोड़ तक आएगी सब्जी मंडी निर्माण में लागत
हरियाणा कृषि विपणन बोर्ड की सब्जी मंडियों के निर्माण में पांच से 11 करोड़ तक की लागत आएगी। अनुमानित लागत का मसौदा मुख्यालय भेजा है। भिवानी जिले में छह मार्केट कमेटी हैं। जिनमें भिवानी, लोहारू, तोशाम, जूई, सिवानी, बहल शामिल हैं। सभी मार्केट कमेटियों में मार्केट कमेटी के कार्यकारी अधिकारी एवं सचिव हैं। बहल में पांच करोड़ से पांच एकड़ में सब्जी मंडी निर्माण काम चल रहा है। इसी तरह लोहारू में 11 एकड़ भूमि पर सब्जी मंडी का निर्माण होगा। सिवानी में भी अलग से सब्जी मंडी की व्यवस्था होनी है।
भिवानी सब्जी मंडी स्थानांतरण का मामला भी अटका
भिवानी शहर के रोहतक रोड पर औद्योगिक नगर बनाया जाना प्रस्तावित है। इसके लिए एचएसवीपी की तरफ से करीब 37 एकड़ भूमि अधिग्रहण भी हो चुका है। इसमें औद्योगिक नगर के साथ-साथ भिवानी की विकास नगर के समीप स्थित सब्जी मंडी को भी औद्योगिक नगर में शिफ्ट किया जाना था, मगर इस मसौदे को सरकार से मंजूरी नहीं मिली। सब्जी मंडी स्थानांतरण का मामला अटका हुआ है। हालांकि भिवानी की सब्जी मंडी चारों तरफ से घनी आबादी से घिर चुकी हैं, जिसमें जगह की कमी भी खल रही है। अब इसके स्थानांतरण के लिए नए सिरे से प्रक्रिया आगे बढ़ानी होगी।
कस्बा जूई कलां, तोशाम और ढिगावा मंडी में तीन नई सब्जी मंडियों के निर्माण का मसौदा मुख्यालय को भेजा गया है। तीन सब्जी मंडियों का काम पहले से ही जारी है। सब्जी मंडियों में सब्जी उत्पादक किसानों को अपने फसल उत्पाद बेचने में आसानी होगी। वहीं उनके माल की लोकल मंडियों में खपत होगी। लोकल मंडी के जरिए किसान दूसरे प्रांतों की मंडियों में भी अपनी सब्जियां भेज सकेंगे, जिससे उन्हें कम लागत में अच्छे दाम मिलेंगे। मंजूरी मिलने के बाद जल्द ही मंडियों के निर्माण का काम भी शुरू हो जाएगा।
- राजकुमार, कार्यकारी अधिकारी एवं सचिव, जूईकलां मंडी हरियाणा कृषि विपणन विभाग, भिवानी।