अंबाला। प्रसव पीड़ा होने पर पति पत्नी को रेहड़ी पर अस्पताल लेकर पहुंचा। इस दौरान दर्द ज्यादा होने पर महिला ने अस्पताल की पार्किंग में बच्ची को जन्म दिया। दर्द से कराह रही महिला की आवाज सुनकर इमरजेंसी वार्ड से डॉक्टर व स्टाफ बाहर आया। उन्होंने महिला को रेहड़ी समेत इमरजेंसी वार्ड के पूछताछ केंद्र के बाहर खड़ा कर प्राथमिक उपचार दिया और बच्ची की नाड़ काटी। हालत सामान्य होने पर उन्हें प्रसूति विभाग में दाखिल कर लिया। डॉक्टर का कहना है कि जच्चा-बच्चा दोनों की हालत ठीक है।
जानकारी देते हुए कश्मीरा ने बताया कि वह मूलरूप से मुरादाबाद के रहने वाले हैं। उसके चार बच्चे हैं। जिसमें दो लड़के व दो लड़कियां है। शनिवार दोपहर को वह प्रसव पीड़ा होने पर छावनी नागरिक अस्पताल आई थी, लेकिन स्टाफ ने प्राथमिक उपचार के बाद उसे डिलीवरी में समय होने की बात बोलकर लौटा दिया था। रात करीब एक बजे प्रसव पीड़ा उठने पर पति उसे रेहड़ी पर पंजोखरा पीएचसी लेकर पहुंचे, लेकिन वह अपने सभी दस्तावेज ले जाना भूल गए और वापस घर आए। इसके बाद दर्द ज्यादा उठने पर वह छावनी नागरिक अस्पताल की पार्किंग में पहुंचे ही थे कि रेहड़ी पर ही बच्ची का जन्म हो गया। सैन्य क्षेत्र स्थित 56 नंबर कोठी में वह पति सहित मजदूरी का काम करती है।