अंबाला। कोविड-19 की तीसरी लहर की आशंका के बीच अंबाला में डेंगू ने दस्तक दे दी है। एक साथ तीन मामले सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप की स्थिति बनी हुई है। वहीं दूसरी ओर नागरिक अस्पतालों में स्वास्थ्य विभाग ने अभी तक डेंगू और मलेरिया से बचाव के लिए अलग-अलग वार्ड भी नहीं बनाए हैं। यह हाल रहा तो आने वाले दिनों में हालात और खराब हो सकते हैं।
डेंगू के तीन मामलों में जहां पंजोखरा निवासी 9 वर्षीय बच्चे सहित उसकी मां शामिल है तो वहीं अंबाला शहर निवासी 20 वर्षीय युवक भी डेंगू की चपेट में आ गया है। इसके अलावा सोमवार को डेंगू के दो संदिग्ध मामले भी सामने आए हैं, जिसमें छावनी की चंद्रपुरी निवासी 60 वर्षीय महिला शामिल है जोकि रोटरी अस्पताल में दाखिल है वहीं अंबाला शहर की 65 वर्षीय बुजुर्ग छावनी नागरिक अस्पताल में उपचाराधीन है। इनकी प्राइवेट टेस्ट रिपोर्ट में डेंगू की पुष्टि हुई है। अब विभाग ने एलाइजा टेस्ट के लिए सैंपल भेज दिए हैं। 72 घंटे में इनकी पुष्टि होगी। वहीं दूसरी ओर अभी तक स्वास्थ्य विभाग की ओर से नागरिक अस्पतालों में डेंगू व मलेरिया के अलग-अलग वार्ड स्थापित नहीं किए गए। कोरोना के आइसोलेशन कमरों सहित सर्जरी रूम में ही डेंगू के मरीज को रखने की बात कही जा रही है। जबकि जिले में अब डेंगू से अचानक स्थिति बिगड़ने लगी है। उधर, अस्पतालों की ओपीडी में भी बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है।
निदेशालय कार्यालय से आई डेंगू टीम ने टटोली नब्ज
डेंगू की दस्तक के बाद सोमवार को स्वास्थ्य विभाग मुख्यालय से डेंगू व मलेरिया टीम ने निरीक्षण किया। प्रवीण व एलटी अमृतपाल ने अंबाला शहर के अलावा छावनी व मुलाना जाकर फील्ड में उतरी टीमों के इंचार्ज से पूरी जानकारी ली और साथ ही अलर्ट रहने के निर्देश दिए।
तीन हजार लोगों के घरों में लारवा मिलने पर थमाए नोटिस
अगस्त से लेकर 6 सितंबर तक स्वास्थ्य विभाग की ओर से गली-मोहल्लों में जाकर किए गए निरीक्षण में हैरान करने वाला आंकड़ा सामने आया। करीब तीन हजार घर ऐसे थे जिनमें डेंगू-मलेरिया का लारवा मिला। विभाग द्वारा गठित टीम ने ऐसे मकान मालिकों को नोटिस देते हुए नियमित तौर पर सफाई करने के निर्देश दिए और सख्त कार्रवाई की चेतावनी जारी की। अंबाला छावनी में अगस्त माह में ही 1869 लोगों को नोटिस थमाए। छावनी के बीडी फ्लोर मिल के पीछे दर्जनों कॉलोनियों में ज्यादातर डेंगू का लारवा पाया गया।
ऐसे करें बचाव
- मच्छरों को मारने के लिए घरों में ऐरोसाल का छिड़काव करें।
- करीब 15 से 20 मिनट तक घर को बंद रखें।
- शरीर को अच्छी तरह से ढकने वाले कपड़े पहनें।
- सोते समय मच्छरदानी का इस्तेमाल करें।
- मच्छर भगाने के लिए नीम के पत्ते, नारियल के खोल व भूसी जलाएं।
- दरवाजों व खिड़कियों पर जाली या पर्दा लगाएं।
- पानी के सभी बर्तनों को ढककर रखें।
- सप्ताह में एक बार जल भंडारण टैंक, बर्तन, कूलर, गमलों की सफाई करें।
लक्षण व सावधानियां
- संदिग्ध डेंगू से पीड़ित व्यक्ति का बुखार उतरने के बाद विशेष ध्यान रखना चाहिए।
- बुखार आने पर शरीर का तापमान 39 डिग्री सेल्सियस तक रखने का प्रयास करें।
- पीड़ित व्यक्ति को सामान्य आहार के साथ पानी, सूप, दूध व फलों का जूस दें।
- डेंगू पीड़ित व्यक्ति को पूर्ण आराम करने दें।
- डेंगू के लक्षण तीसरे से पांचवें दिन तक ज्यादा प्रभावी होते हैं। शरीर पर लाल धब्बे व दाने पड़ना, काला मल आना, पेट दर्द, अत्यधिक प्यास लगना व गला सूखना व सांस लेने में कठिनाई होना आदि शामिल हैं।
छह साल में डेंगू का ग्राफ
वर्ष 2015- 552
वर्ष 2016 -582
वर्ष 2017 -328
वर्ष 2018- 110
वर्ष 2019-124
वर्ष 2020 - 42
अंबाला में डेंगू के तीन मामलों की पुष्टि हुई है। जिले में डेंगू को लेकर विभाग पूरी तरह से अलर्ट है। अस्पतालों में कोरोना के मामले नहीं है। इसलिए आइसोलेशन कमरों सहित सर्जरी आदि वार्ड में डेंगू के मरीजों को रखने की व्यवस्था की गई है।
-डॉ. कुलदीप, सीएमओ अंबाला
Dengue knock before the third wave of Kovid, stirred up by getting three patients- फोटो : Ambala