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माफिया राकेश के घर दबिश: बहुत गहरी हैं ठेके के नेटवर्क में माफिया की जड़ें, जितना खोदो सामने आ रहे कारनामे

Wed, 31 May 2023 12:01 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

एक माफिया के घर मांगलिक कार्यक्रम में पहुंचे लोगों की सूची के आधार पर पुलिस जानकारी जुटा रही है कि कौन किस वजह से इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आया था। खबर है कि सभी माफिया के गतिविधियों की पूरी जानकारी सीएम योगी आदित्यनाथ को दी गई है।
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माफिया राकेश यादव के घर पहुंचे एसपी नार्थ व पुलिस टीम - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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गोरखपुर में ठेके के कारोबार में जिले के माफिया की जड़ें बहुत ही गहरी हैं। पुलिस इनके जड़ों को जितना खोद रही है, उतने ही चौंकाने वाले तथ्य सामने आ रहे हैं। अभी तक की जांच में पुलिस को पता चला है कि निर्माण कराने वाली सरकारी संस्थाओं के जिम्मेदार पदों पर बैठे लोग भी माफिया के मददगार हैं।

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पुलिस माफिया के मोबाइल के सीडीआर के आधार पर उनके पूरे नेटवर्क को पुलिस खंगाल रही है। इनसे संपर्क रखने वाले पीडब्ल्यूडी और सिंचाई विभाग के दो इंजीनियरों से भी पूछताछ की गई है। खबर है कि एक अधिकारी ने तो 50 लाख रुपये का भुगतान भी एक माफिया से जुड़े ठेकेदार की फर्म को कर दिया है। अब कमीशन के लिए इधर-उधर फोन घूमा रहे हैं। पुलिस अब एक-एक बिंदु पर जांच तेज कर दी है।

उधर, एसपी नार्थ ने मंगलवार को जब माफिया राकेश यादव के घर जब दबिश दी तो हड़कंप मच गया। आसपास के लोग लंबे समय बाद राकेश के घर में पुलिस को देखकर हैरान थे। खुद पुलिस भी मान रही है कि माफिया ने अंडरग्राउंड होकर अपने जाल को फैलाया है, जो खुले में दिख नहीं रहा है। अब जब पुलिस तह तक जाने का प्रयास कर रही है तो रोजाना एक नया सच सामने आ रहा है।
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जानकारी के मुताबिक, माफिया के नेटवर्क को खंगालने में पुलिस जल्दबाजी नहीं करना चाहती है। वह पूछताछ से एक-एक माफिया के खिलाफ सबूत एकत्र कर रही है। अफसरों का मानना है कि अगर, जल्दबाजी में किसी को जेल भेज दिया जाएगा तो पूरा नेटवर्क सामने नहीं आ पाएगा। माफिया अजीत शाही के बैंकों से जुड़े धंधे को भी पुलिस खंगाल रही है। उसके मददगार और शरणदाता भी पुलिस के निशाने पर आ गए हैं।

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पुलिस व जनप्रतिनिधियों में भी माफिया की पैठ

जांच में पता चला है कि माफिया की पैठ जनप्रतिनिधियों और पुलिस में भी है। एक माफिया के घर मांगलिक कार्यक्रम में पहुंचे लोगों की सूची के आधार पर पुलिस जानकारी जुटा रही है कि कौन किस वजह से इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए या था। खबर है कि सभी माफिया के गतिविधियों की पूरी जानकारी सीएम योगी आदित्यनाथ को दी गई है। इसके बाद ही पुलिस एक-एक कदम आगे को बढ़ा रही है। इतना तय है कि पुलिस ने जांच को तेजी से आगे बढ़ाया तो कई माननीयों की गर्दन भी फंसेगी।

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