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गोरखपुर जिला अस्पताल: ट्रामा सेंटर का निर्माण शुरू, छह बेड के आईसीयू में मिलेंगी तमाम सुविधाएं

Sat, 13 Nov 2021 12:16 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

छह माह के अंदर ट्रामा सेंटर बनकर तैयार हो जाएगा। यह नौ हजार वर्ग फीट में बनना है। इमरजेंसी मेडिकल ऑफिसर के अलावा आर्थो व सर्जरी के डॉक्टर, नर्स और पैरामेडिकल स्टाफ 24 घंटे मौजूद रहेंगे।
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गोरखपुर जिला अस्पताल। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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गोरखपुर जिला अस्पताल के इमरजेंसी के बगल में बनने वाले ट्रामा सेंटर का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। पीपल सहित सात अन्य पेड़ को हटाने के बाद से यह काम शुरू कराया गया है। इस ट्रामा सेंटर के निर्माण के बाद शहर के मरीजों को बीआरडी मेडिकल कॉलेज का चक्कर नहीं काटना पड़ेगा।
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जानकारी के मुताबिक जिला अस्पताल के इमरजेंसी के बगल में स्थित खाली पड़ी जमीन पर 1.20 करोड़ से छह बेड का आईसीयू वाला ट्रामा सेंटर बनना है। इसके लिए शासन ने पिछले साल मार्च में ही एक करोड़ 20 लाख रुपये स्वीकृत कर दिए थे। लेकिन रकम की स्वीकृति के बाद पीपल का एक बड़ा पेड़ और छह अन्य पेड़ राह में बाधा बन रहे थे।

पीपल के अलावा अन्य पेड़ों को कटाने के लिए लोग तैयार थे, लेकिन पीपल के लिए कोई आगे नहीं आ रहा था। जबकि कार्यदायी संस्था उत्तर प्रदेश राज्य सहकारी संघ ने दो बार इसके लिए टेंडर निकाला था। इस पर वन विभाग ने प्रयास करके पीपल सहित सभी पेड़ों को कटवाया है। उम्मीद जताई जा रही है कि छह माह के अंदर पूरा ट्रामा सेंटर बनकर तैयार हो जाएगा।
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टामा सेंटर में रहेंगी यह सुविधाएं
ट्रामा सेंटर नौ हजार वर्ग फीट में बनना है। इमरजेंसी मेडिकल ऑफिसर के अलावा आर्थो व सर्जरी के डॉक्टर, नर्स और पैरामेडिकल स्टाफ 24 घंटे मौजूद रहेंगे। एक ऑपरेशन थियेटर, एक्स-रे रूम व पैथोलॉजी लैब भी बनाई जाएगी। छह बेड का आईसीयू बनाया जाएगा। साथ ही दो नर्सिंग स्टेशन व एक रिकॉर्ड रूम भी बनाया जाएगा। इसके अलावा अन्य सुविधाएं भी मौजूद रहेंगी।
 
जिला अस्पताल के एआईसी डॉ. एसी श्रीवास्तव ने बताया कि ट्रामा सेंटर का निर्माण कार्य शुरू करा दिया गया है। काम तेजी से चल रहा है। अधिकतम छह माह के अंदर ट्रामा सेंटर बनकर तैयार हो जाएगा। इसके बाद से मरीजों को बीआरडी मेडिकल कॉलेज का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा।
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