मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार टोक्यो ओलंपिक के दौरान एकल प्रतिस्पर्धाओं के स्वर्ण पदक विजेताओं को छह करोड़, रजत पदक विजेताओं को चार करोड़ रुपये और कांस्य पदक लाने वाले खिलाड़ियों को दो करोड़ की सम्मान राशि प्रदान करेगी। इसी तरह, समूह खेलों में स्वर्ण पदक पर तीन करोड़, रजत पदक पर दो करोड़ और कांस्य पदक पर एक करोड़ की राशि से सम्मानित किया जाएगा। यही नहीं, ओलंपिक में प्रतिभाग कर रहे यूपी निवासी सभी खिलाड़ियों को 10-10 लाख रुपये भी प्रदान किए जाएंगे।
ओलंपिक से लौट कर आएं, फिर विश्वस्तरीय शूटिंग रेंज बनाने में करें मदद
मुख्यमंत्री से संवाद के दौरान शूटर मेराज अहमद खान ने प्रदेश में शूटिंग रेंज की स्थापना की जरूरत बताई। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि वाराणसी और लखनऊ में शूटिंग रेंज की स्थापना हो रही है। वह ओलंपिक से लौट कर आएं और परियोजना को देखकर उसे अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप तैयार करने में मदद करें। इसी तरह, एथलीट प्रियंका गोस्वामी द्वारा सिंथेटिक फील्ड के विकास की जरूरत बताने पर मुख्यमंत्री ने शीघ्र ही यह अभाव दूर करने का आश्वासन दिया।
संवाद के दौरान प्रियंका गोस्वामी (एथलेटिक्स), अन्नू रानी (एथलेटिक्स), सीमा पुनिया (एथलेटिक्स), वंदना कटारिया (हॉकी), सौरभ चौधरी (शूटिंग), मेराज अहमद खान (शूटिंग), अरविंद सिंह (रोइंग), सतीश कुमार (बॉक्सिंग) ललित कुमार उपाध्याय (हॉकी) और शिवपाल सिंह (एथलेटिक्स) और इनके परिजनों की भी मौजूदगी रही। इससे पहले, खेल एवं युवा कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) उपेंद्र तिवारी ने खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए उनकी सभी जरूरतों को पूरा करने का भरोसा जताया।