उत्तर पश्चिम जिला साइबर सेल ने शास्त्री नगर इलाके में चल रहे एक फर्जी कॉल सेंटर का खुलासा किया है। कॉल सेंटर से लोगों को एयरलाइंस कंपनी में नौकरी का झांसा देकर ठगी की जा रही थी। पुलिस ने सेंटर से तीन जालसाज और नौ महिला टेलीकॉलर को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने सेंटर से 2.31 लाख रुपये, 15 मोबाइल फोन, 1 लैपटॉप, प्रिंटर, वाईफाई राउटर, 2 डेबिट कार्ड और दस्तावेज बरामद किए हैं। शुरूआती जांच में पता चला है कि आरोपियों ने दो माह में करीब दो सौ लोगों से ठगी कर चुके थे।
उत्तर पश्चिम जिला पुलिस उपायुक्त उषा रंगनानी ने बताया कि साइबर सेल को गृह मंत्रालय की नेशनल साइबर क्राइम रिसीविंग पोर्टल(एनसीआरपी) से एक शिकायत मिली। जिसमें शिकायतकर्ता मुखर्जी नगर निवासी प्रवेश माथुर ने एक कॉल सेंटर से इंडिगो एयरलाइंस में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने का आरोप लगाया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। तकनीकी जांच में पुलिस को पता चला कि शास्त्री नगर के एक घर में फर्जी कॉल सेंटर चल रहा है। निरीक्षक सुनील कुमार के नेतृत्व में पुलिस ने बृहस्पतिवार को कॉल सेंटर पर छापा मारा। कॉल सेंटर से पुलिस ने आनंदपर्वत निवासी नीरज, नजफगढ़ निवासी आमिर, जींद हरियाणा निवासी सोनू को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस यहां टेलीकॉलर का काम कर रही नौ महिलाओं को गिरफ्तार कर लिया।
आरोपियों ने बताया कि दो महीने पहले उन लोगों ने शास्त्री नगर में कॉल सेंटर खोला था और इंडिगो एयरलाइंस में नौकरी दिलाने का झांसा देकर ठगी कर रहे थे। आरोपियों ने बताया कि अब तक उन लोगों ने 200 से ज्यादा लोगों से ठगी कर चुके हैं। जांच में पता चला कि आमिर मुख्य आरोपी है और कॉल सेंटर में उसका 40 फीसदी जबकि नीरज और सोनू 30-30 फीसदी के शेयर पर सेंटर चला रहे थे। आरोपियों के कब्जे से पुलिस ने 2.31 लाख रुपये बरामद कर लिए। आरोपी ने कॉल सेंटर में काम करने वाली महिलाओं को आठ से 12 हजार तक वेतन दे रहा था।साथ ही पुलिस उनके बैंक खातों की जांच कर रही है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी ओएलएक्स और वर्कस्पेस इंडिया से नौकरी की तलाश कर रहे लोगों की जानकारी जुटाता था और उन्हें कॉल सेंटर के जरिए इंडिगो एयरलाइंस में नौकरी देने का झांसा देते थे। उसके बाद पीड़ितों से रजिस्ट्रेशन, खाता खोलने और वर्दी के लिए पैसे ले लिए जाते थे। पैसा लेने के बाद आरोपी पीड़ितों से बात करना बंद कर देते थे।