कविनगर इंडस्ट्रियल एरिया की आरएस इंडस्ट्रीज की हल्दी को प्रदेश के बाजारों से हटाने का निर्णय लिया गया है। डीओ ने डीएम के आदेश पर खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के माध्यम से प्रदेश भर में हल्दी पाउडर के सेहत के लिए घातक होने और इसके धनिया-मिर्च पाउडर के नमूनों के फेल होने का मैसेज भेज दिया है।
आरएस इंडस्ट्रीज के तीनों नमूने फेल होने से अफसरों में हड़कंप मच गया है। रिपोर्ट के बाद हरकत में आए खाद्य सुरक्षा अधिकारी भगवत सिंह और डीओ विनीत कुमार सिंह ने इसकी रिपोर्ट डीएम को सौंपी थी।
इस पर डीएम एसवीएस रंगाराव ने अभियोग दर्ज कराने का आदेश दिया। बुधवार को कंपनी के प्रोडक्ट सैंपल फेल होने का मैसेज प्रदेश के प्रत्येक जिले को भेज दिया गया। इसके तहत हल्दी को बाजार से हटाने का निर्णय लिया गया है। केंद्रीय खाद्य सुरक्षा आयुक्त को भी इसकी रिपोर्ट भेज दी गई है।
वहीं, आरएस इंडस्ट्रीज के मालिक मनीश कुमार का कहना है कि हम कोरी हल्दी लाते हैं, इस पर डार्क और लाइट पालिस लगी होती है। इसके अलावा कुछ मिलावट नहीं की गई है। रिपोर्ट देखकर अपील करेंगे, सैंपल का दोबारा परीक्षण कराएंगे।
पानी नमूना परीक्षण के नाम पर लोगों को ‘पप्पू’ बना रहे अफसर
महानगर का हवा-पानी भी सेहत के लिए खतरा बन गया है। एनसीआर में सबसे ज्यादा परेशानी पेयजल गुणवत्ता की है। पानी में कई घातक रसायनों के मिलने की पुष्टि यहां होती रही है, लेकिन कोई भी अधिकारी इसको लेकर गंभीर नहीं है। पेयजल के नमूने लिए जाते हैं, मगर सिर्फ क्लोरीन और टीडीएस का ही परीक्षण किया जाता है। घातक रसायनों की जांच इनके द्वारा नहीं की जाती है। जिला संक्रामक रोग अधिकारी डा. जीके मिश्रा का कहना है कि केमिकल परीक्षण का दायित्व हमारा नहीं है। इसको पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड को कराना होता है।