बादशाहपुर। नरसिंहपुर चौक के पास स्थित कार वाशिंग सेंटर संचालक से रंगदारी न मिलने पर दुकान पर काम करने वाले लड़के पीटने और दुकान से अपहरण करने का मामला सामने आया है। आरोपियों ने महेन्द्रगढ़ के रहने वाले सोमबीर के साथ मारपीट की और उसे अगवा कर लिया। एसपीआर चौकी की पुलिस ने अपराध शाखा 39 की टीम के साथ मिलकर पीड़ित को बरामद करने के साथ ही तीन आरोपियों को पलवल क्षेत्र से गिरफ्तार किया है।
एसपीआर चौकी प्रभारी उमेश के अनुसार, नाहरपुर रूपा निवासी मनोज ने बताया कि मैंने नरसिंहपुर चौक के पास हसीत नाम से एक सर्विस स्टेशन खोल रखा है। पीड़ित ने बताया कि खेड़की दौला निवासी राहुल रंगदारी के लिए धमकी देता था। पीड़ित ने बताया कि इसी साल जनवरी में आरोपी राहुल को 48 हजार रुपये रंगदारी के नाम पर दिए थे। पीड़ित ने बताया कि सोमबीर दुकान पर बहुत पहले से काम करता है । शनिवार रात करीब नौ बजे सोमबीर सोने के लिए चला गया था। थोड़ी देर बाद सोमबीर का फोन आया कि खेड़की दौला निवासी राहुल बाहर चक्कर काट रहा है। पीड़ित ने बताया कि दुकान पर आकर देखा तो सोमबीर वहां पर नहीं था और उसकी स्कूटी टूटी हुई खड़ी थी । पीड़ित ने जैसे ही शिकायत पुलिस को दी । पुलिस की एक टीम मौके पर पहुंची, मौके पर पहुंची टीम मनोज और उसके परिजनों के साथ खेड़कीदौला राहुल के घर पर गई ,तो वहां किसी ने घर का गेट नहीं खोला । उसके बाद पुलिस टीम घटना स्थल पर वापस पहुंच गई ।
छानबीन के बाद पुलिस ने इस मामले में खेड़की दौला निवासी राहुल, भोला और बेगमपुर खटोला निवासी महेश के रूप में पहचान की है। तीनों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज है । जिसमें राहुल पर खेड़की दौला थाना में हत्या के प्रयास का मामला भी दर्ज है । पुलिस टीम ने वारदात में इस्तेमाल कार बरामद कर ली है। मामले की छानबीन व रंगदारी के वसूले पैसे को बरामद करने के लिए आरोपियों को दो दिन की पुलिस रिमांड पर लिया है।
पुलिस का दावा अपहरण कर्ता को आठ घंटे में छुड़ाया
मामले की छानबीन कर रही पुलिस को पता चला कि सोमवीर अपने मालिक मनोज के पास काफी दिनों से काम कर रहा था। आरोपी उसे भगाना चाहते थे। मूल रूप से झज्जर का रहने वाला मनोज नाहरपुर रुपा गांव में रहता था। पुलिस टीम ने आठ घंटे के भीतर सोमवीर को पलवल क्षेत्र से बरामद किया है। घायल अवस्था में उसे उपचार के लिए दिल्ली के सफदर जंग अस्पताल में दाखिल कराया गया है।