गुरुग्राम। जिले में 17 दिन बाद वायु प्रदूषण सूचकांक (एक्यूआई) में लगभग 170 अंकों की गिरावट दर्ज की गई है। मंगलवार को वायु प्रदूषण में कमी के चलते दृश्यता भी बढ़ी है और सांस लेने में भी राहत महसूस हो रही है। 23 नवंबर को विकास सदन का एक्यूआई 262 (खराब श्रेणी में) तो वहीं मानेसर का एक्यूआई भी खराब श्रेणी के साथ 206 दर्ज किया गया। वहीं, 06 नवंबर को विकास सदन का एक्यूआई 432 (गंभीर श्रेणी में) था। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मानेसर साउथ के क्षेत्रीय प्रबंधक संदीप कुमार ने बताया कि कमीशन फार एयर क्वालिटी मैनेजमेंट की सिफारिशों पर अमल करते हुए लगातार कार्रवाई हो रही है। इसमें नगर निगम गुरुग्राम, नगर निगम मानेसर, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण मिल कर कार्रवाई कर रहे हैं।
इसी तरह से ट्रैफिक पुलिस भी प्रदूषण फैला रहे वाहनों पर शिकंजा कस रहे हैं। जिससे प्रदूषण स्तर को कम करने में मदद मिली है। उन्होंने बताया कि निर्माण कार्याें पर 21 नवंबर तक रोक लगी थी। 21 नवंबर के बाद कमीशन की ओर से कोई नया निर्देश नहीं आया है, ऐसे में निर्माण कार्य अब धीरे धीरे शुरू होने लगे हैं। आरटीए के अधिकारी ने बताया कि प्रदूषण फैला रहे वाहनों पर आगामी 28 नवंबर तक लगातार दो टीमें अभियान चलाती रहेंगी। जिसमें 15 साल पुराने पेट्रोल और 10 वर्ष पुराने डीजल के वाहनों को पकड़ा जा रहा है और उन पर जुर्माना हो रहा है। खनन सामग्री ले जाने वाले वाहनों पर तिरपाल नहीं मिलने पर उन पर भी कार्रवाई हो रही है।
जिला लोक संपर्क एवं कष्ट निवारण समिति की मासिक बैठक में हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने प्रदूषण का स्तर कम करने के लिए प्रशासन और विभिन्न विभागों के इंजीनियरों को शामिल करते हुए कमेटी गठित करने के निर्देश दिए थे। मुख्यमंत्री के निर्देशों को अमलीजामा पहनाते हुए मंगलवार को उपायुक्त डा. गर्ग ने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों और इंजीनियर्स की बैठक अपने कार्यालय में बुलाई थी। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को प्रदूषण का स्तर कम करने के लिए कार्ययोजना बनाकर समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रदूषण से संबंधित विभागों के कार्यों की वह स्वयं प्रतिदिन मॉनीटरिंग करेंगे। इसके लिए सभी विभागों को प्रतिदिन की गई कार्रवाई की रिपोर्ट उनको देनी होगी। साथ ही उपायुक्त ने प्रदूषण को कम करने के लिए आम जनता से भी सुझाव मांगे हैं। बैठक में जीएमडीए के मैट्रोपोलिटन ग्रीन प्लानर एवं जिला वन अधिकारी सुभाष यादव सहित नगर निगम गरुग्राम, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण, लोक निर्माण विभाग भवन एवं सडक़ें सहित कई अन्य संबंधित विभागों के अधिकारीगण उपस्थित थे।