गुरुगाम। सरकार दफ्तरों में रिश्वत का बोलबाला इस कदर है कि नौकरी के आखिरी दिन भी अधिकारी इसका मोह नहीं छोड़ पा रहे हैं। ऐसा ही एक मामला बृहस्पतिवार को आईएमटी मानेसर में हरियाणा राज्य औद्योगिक एवं अवसंरचना विकास निगम (एचएसआईआईडीसी) लिमिटेड में सामने आया।
सीनियर मैनेजर बलवीर भट्टी की नौकरी का आखिरी दिन था। ऑफिस में उनकी विदाई की तैयारी चल रही थी। इसके लिए पार्टी रखी गई थी और उनके परिवार के लोग भी शामिल थे। इसी दौरान राज्य विजिलेंस ब्यूरो की टीम ने उन्हें ठेकेदार से दस हजार रुपये घूस लेते गिरफ्तार कर लिया। यह राशि एक बिल के भुगतान की फाइल पर हस्ताक्षर करने के नाम पर मांगी गई थी। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है।
एचएसआईआईडीसी के ठेकेदार अजय ने विजिलेंस को दी शिकायत में कहा था कि उसके बिल का भुगतान होना है, लेकिन सीनियर मैनेजर बलवीर भट्टी इस काम के लिए 50 हजार रुपये की घूस मांग रहे हैं। उन्होंने कहा बृहस्पतिवार को उनकी नौकरी का आखिरी दिन है। ऐसे में यह काम दस हजार में ही कर देंगे। शिकायत की पुष्टि के बाद विजिलेंस के डीएसपी रमेश कुमार की अगुवाई में आरोपी को पकड़ने के लिए टीम तैयार की गई। इसमें ड्यूटी मजिस्ट्रेट के तौर पर नायब तहसीलदार सुशील कुमार मौजूद रहे। डीएसपी रमेश अपनी टीम के साथ एचएसआईआईडीसी कार्यालय के पास पहुंचे और ठेकेदार को रसायन लगे नोट देकर सीनियर मैनेजर के पास भेजा। ठेकेदार ने रुपये देकर तत्काल टीम को अवगत कराया। इसके बाद टीम ने आरोपी को रंगेहाथ पकड़ लिया। उससे दस हजार रुपये बरामद कर लिए गए और हाथ धुलवाए तो रंग उभर आया।