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मोहलत मिलने पर भी सरेंडर करने नहीं पहुंचा विधायक का भाई

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मोहलत मिलने पर भी सरेंडर करने नहीं पहुंचा विधायक का भाई
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गाजियाबाद। नरेश त्यागी हत्याकांड के वांछित व भाजपा विधायक के भाई गिरीश पाल त्यागी की पुलिस से आंख मिचौली जारी है। कोर्ट द्वारा 29 अक्तूबर तक का समय दिए जाने के बाद भी शुक्रवार को गिरीश सरेंडर करने नहीं पहुंचा। जिसके चलते वादी पक्ष ने उसकी सरेंडर अर्जी खारिज करने की मांग की। अदालत ने फाइल को फैसले में रख लिया है। वहीं, कोर्ट के फैसले के बाद सिहानी गेट पुलिस गिरीश पाल त्यागी की कुर्की की प्रक्रिया दोबारा शुरू करेगी।
9 सितंबर 2020 को लोहिया नगर में भाजपा विधायक अजीतपाल त्यागी के मामा नरेश त्यागी की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई थी। घटना के साजिशकर्ता के तौर पर विधायक के ही भाई गिरीश पाल त्यागी का नाम आया था। पुलिस ने गिरीश के साथ साजिश में शामिल जितेंद्र त्यागी समेत चार लोगों को जेल भेजा था, लेकिन गिरीश फरार चल रहा है। 19 अक्तूबर को नरेश त्यागी के बेटे अभिषेक त्यागी ने प्रेसवार्ता कर पुलिस पर राजनीतिक दबाव में कार्रवाई न करने का आरोप लगाया था। मामला उछलता देख पुलिस ने गिरीश की कुर्की की प्रक्रिया शुरू कर दी, लेकिन इसी बीच 26 अक्तूबर को गिरीश पाल त्यागी ने गाजियाबाद कोर्ट में सरेंडर की अर्जी डाल दी। 27 अक्तूबर को उसे कोर्ट में सरेंडर करना था, लेकिन पुलिस की घेराबंदी देख वह कोर्ट नहीं पहुंचा। इस पर वादी पक्ष की तरफ से सरेंडर अर्जी खारिज करने की मांग की गई, जिस पर कोर्ट ने गिरीश को एक मौका देते हुए 29 अक्तूबर की तारीख निर्धारित की थी।
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कोर्ट ने दिया वकीलों की हड़ताल का हवाला
नरेश त्यागी हत्याकांड में वादी की तरफ से पैरवी कर रहे अधिवक्ता मनोज नागवंशी ने बताया कि शुक्रवार को गिरीश त्यागी के सरेंडर न करने पर उनकी तरफ से सरेंडर अर्जी खारिज करने की मांग की गई थी। लेकिन, कोर्ट ने वकीलों की हड़ताल का हवाला देते हुए फाइल फैसले में रख ली। मनोज नागवंशी का कहना है कि कोर्ट का फैसला देखने के बाद आगे की रणनीति बनाई जाएगी।
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अधिवक्ता मनोज नागवंशी का कहना है कि नरेश त्यागी के बेटे अभिषेक त्यागी ने एसएसपी से शनिवार को मिलने का वक्त लिया है। एसएसपी से मिलकर गिरीश पाल त्यागी की कुर्की की कार्रवाई करने की मांग की जाएगी। मनोज नागवंशी का कहना है कि पुलिस आम लोगों पर एक केस दर्ज होते ही गैंगस्टर का केस दर्ज कर रही है। ऐसे में वह गिरीश पाल त्यागी पर भी गैंगस्टर एक्ट का केस दर्ज करने तथा उसकी हिस्ट्रीशीट खोलने की मांग करेंगे।
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कुर्की की अर्जी के लिए सुबूत जुटा रही पुलिस
मामला उछलने के बाद पुलिस ने गिरीश पाल त्यागी की कुर्की की अर्जी लगाई थी। लेकिन अर्जी में तमाम गलतियां और खामियां थीं, जिसके चलते कोर्ट ने अर्जी लौटा दी थी। कोर्ट ने पुलिस से कहा था कि वह कुर्की की अधिसूचना का नोटिस तामील कराने का साक्ष्य लेकर आए। गिरीश की कुर्की की अर्जी लगाने के लिए पुलिस साक्ष्य इकट्ठा कर रही है।
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