नए सत्र में अनुशासन का पाठ पढ़ेंगे छात्र, होगी काउंसिलिंग
गाजियाबाद। दो साल तक चलीं ऑनलाइन कक्षाओं से विद्यार्थियों के व्यवहार में बदलाव आया है। ऑफलाइन कक्षाओं में स्कूलों को अनुशासन संबंधी चुनौतियों से भी रूबरू होना पड़ रहा है। अब स्कूलों ने छात्र-छात्राओं को अनुशासन का पाठ पढ़ाने के साथ संवाद स्थापित कर उनकी दुविधाओं का समाधान करने की योजना तैयार की है। ऑफलाइन कक्षाएं शुरू होने के साथ विद्यार्थियों की शुरू हुई काउंसिलिंग नए सत्र में भी जारी रहेगी।
ऑनलाइन कक्षाओं से पढ़ाई में आए अंतर को कम करने और विद्यार्थियों के बहुमुखी विकास के लिए हर स्कूल अपने स्तर पर योजना बना रहा है। सुधार संबंधी प्रक्रिया स्कूल और घर दोनों में जारी रहेगी। स्कूलों की ओर से अभिभावकों से नियमित संवाद किया जा रहा है। अभिभावक बच्चों के व्यवहार में आए परिवर्तन के बारे में पीटीएम में भी खुलकर बात कर रहे हैं। वहीं, स्कूल भी बच्चे में कक्षा में दिख रहे परिवर्तन की बात अभिभावकों से साझा कर रहे हैं। ऐसे में आगामी सत्र से एक-दूसरे से सुझावों पर अमल कर स्कूल और अभिभावक गंभीरता से काम करेंगे।
पढ़ाई को फिर से पटरी पर लाने की दिशा में स्कूलों का मंथन लगातार जारी है। बीते करीब एक माह के अंदर चली ऑफलाइन कक्षाओं के स्कूल एक निष्कर्ष पर पहुंचे हैं कि विद्यार्थियों से अधिक संवाद स्थापित किया जाए। संवाद के जरिए अधिकांश समस्याओं के समाधान पर स्कूलों का ध्यान केंद्रित है। इसमें आने वाले एक माह में नियमित रूप से छात्रों में सकारात्मक नजरिया विकसित करने के लिए काउंसिलिंग सत्र आयोजित किए जाएंगे। दूसरी ओर पढ़ाई का दबाव बनाने की जगह बच्चों को खेल या फिर अन्य गतिविधियों के जरिए उनमें उत्साह का संचार किया जाएगा।
चलेगी हैप्पीनेस कक्षाएं
ऑनलाइन कक्षाओं से बच्चों के व्यवहार में बदलाव आया है। स्कूल खुलने पर संजीदगी से काम किया जाएगा। शुरुआत में आधी कक्षाएं संचालित की जाएंगी। बाकी हैप्पीनेस और गतिविधियों से जुड़ी कक्षाएं चलेंगी। विद्यार्थियों की काउंसिलिंग भी की जाएगी। प्रद्युम्न जैन, निदेशक, हैप्पी आवर्स स्कूल फॉर गर्ल्स
सुधार को अभिभावकों से नियमित संवाद जारी
ऑनलाइन कक्षाओं से बच्चों में गंभीरता और अनुशासन संबंधी दिक्कतें सामने आई हैं। ऐसे में सुधार के लिए अभिभावकों ने नियमित संवाद किया जा रहा है। गतिविधियों पर नजर रखने के साथ की जा रही काउंसिलिंग आगे भी जारी रहेगी।
अर्चित त्यागी, निदेशक एकेडमिक, मदर इंडिया पब्लिक स्कूल
स्कूल के सुझावों पर कर रहे अमल
ऑफलाइन कक्षाएं शुरू होने के बाद से शिक्षकों से नियमित संवाद जारी है। स्कूल के सुझावों को अमल करते हुए संजीदगी के साथ काम किया जा रहा है।
विनम्र जैन, अभिभावक
बच्चे पहले से हुए अधिक गंभीर
स्कूल खुलने से बच्चों को सकारात्मक असर दिख रहा है। पढ़ाई को लेकर बच्चे पहले से अधिक गंभीर हुए हैं। उनका उत्साह फिर से लौटा है।
मोहित शर्मा, अभिभावक
क्लास के बाद भी शंकाओं का समाधान:
ऑफलाइन कक्षा के बाद अगर विषय संबंधी कोई शंका है तो शिक्षक उसका व्हाट्सएप व फोन पर समाधान कर रहे हैं। अतिरिक्त कक्षाएं जारी हैं।
अर्नव, डीपीएस
नृत्य सहित चल रहीं अन्य गतिविधियां:
स्कूल खुलने केबाद नृत्य, खेल सहित अन्य गतिविधियां बढ़ी हैं। लंबे समय के बाद सभी गतिविधियों में भाग लेने में अच्छा लग रहा है।
तनु, ठाकुरद्वारा विद्यालय