फरीदाबाद। नए पुलिस आयुक्त विकास अरोड़ा ने पद संभालने के बाद पहली बार मीडिया से बातचीत की। उन्होंने सड़क हादसों के लिए काफी हद तक निर्माण में आई खामियों को जिम्मेदार माना। उन्होंने कहा कि कोई हादसा हुआ तो निगम अधिकारी ही जिम्मेदार होंगे।
उनका कहना है कि सड़क के गड्ढे, रोड के बीच बिजली के पोल, गलत जगह पर बने कट व तीव्र मोड़ जैसे कारणों से सड़क हादसों में बढ़ावा हो रहा है। पुलिस इसके लिए एक सूची तैयार करेगी। इसमें इंजीनियरिंग से जुडे़ फॉल्ट को ढूंढा जाएगा। सभी की एक रिपोर्ट बनाकर संबंधित विभाग के पास भेजी जाएगी। उन्होंने बताया कि निगम, स्मार्ट सिटी जैसे विभागों के उच्च अधिकारियों से बैठक कर कमियों को दूर करने के लिए कहा जाएगा। सड़क दुर्घटना में यदि कोई बड़ा हादसा या किसी की मौत हो जाती है तो संबंधित विभाग के अधिकारियों को जांच में भी शामिल किया जाएगा और उनके खिलाफ केस भी दर्ज किया जाएगा। इसके अलावा कई अन्य मुद्दों पर भी पुलिस आयुक्त ने अपनी योजनाएं बताई।
सादी वर्दी में तैनात होंगी महिला कर्मी
मनचलों पर नकेल कसने के लिए पुलिस आयुक्त ने अब एक नई योजना शुरू करने का निर्णय लिया है। अब महिला पुलिस कर्मी खुफिया कैमरों के साथ स्कूल-कॉलेज और बाजारों में तैनात होंगी। छेड़छाड़ करने वालों को तुरंत पकड़ कर थाने में लाया जाएगा और उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। विकास अरोड़ा ने कहा कि महिला थानों में स्टाफ की पूर्ति सुनिश्चित की जाएगी। बेलगाम घूम रहे ऑटो चालकों के खिलाफ भी अब जल्द ही एक अभियान चलाया जाएगा। इसमें नाबालिग चालकों के खिलाफ कार्रवाई सबसे महत्वपूर्ण होगी।
सड़क पर जाम लगाया तो कार्रवाई तय
पुलिस आयुक्त ने कहा कि लोग छोटी-छोटी बातों पर सड़क पर आ जाते हैं। बिना कारण भी लोग जाम लगाकर बैठ जाते हैं। इससे आने जाने वालों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। ऐसे लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यदि किसी बात को लेकर कोई परेशानी है तो उसकी शिकायत संबंधित विभाग से की जाए। जाम लगाने के दौरान यदि पुलिस विभाग की कमी पाई जाती है तो तुरंत कार्रवाई की जाएगी। दूसरे विभाग से संबंधित समस्या होने पर उसका निदान करवाने का प्रयास रहेगा। जरूरत हुई तो विभाग के खिलाफ भी केस दर्ज किया जाएगा। कहा कि अब हथियार व मादक पदार्थ तस्करों की तह में जाकर चेन तोड़ेगी पुलिस।