मुख्य न्यायाधीश सतीश चंद्र शर्मा और न्यायमूर्ति सुब्रमण्यम प्रसाद की पीठ हाई कोर्ट के वकील अश्विनी कुमार उपाध्याय की एक जनहित याचिका (पीआईएल) पर सुनवाई कर रही थी।
दिल्ली हाई कोर्ट ने वंदे मातरम गीत को राष्ट्रगान के बराबर का दर्जा देने की मांग वाली जनहित याचिका पर केंद्र को दो हफ्ते में हलफनामा देने का निर्देश दिया है। अदालत ने याचिकाकर्ता से कहा कि यह देखना होगा कि सरकार का क्या रुख है, जवाब क्या है।
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मुख्य न्यायाधीश सतीश चंद्र शर्मा और न्यायमूर्ति सुब्रमण्यम प्रसाद की पीठ हाई कोर्ट के वकील अश्विनी कुमार उपाध्याय की एक जनहित याचिका (पीआईएल) पर सुनवाई कर रही थी।
सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार के स्थायी वकील मनीष मोहन ने कहा कि जवाबी हलफनामा रिकॉर्ड में नहीं है, क्योंकि इसे दाखिल करने में देरी हुई है। इस पर पीठ ने कहा कि देरी को माफ किया जाता है। भारत सरकार को अपना हलफनामा रिकॉर्ड में रखने के लिए दो सप्ताह का समय दिया जाता है।