डिग्री के लिए भी आवेदन करने के बाद इंतजार करना पड़ता है। परीक्षा नियंत्रक प्रो. पीडी पंत ने बताया कि विद्यार्थियों को डीजी लॉकर के माध्यम से मार्कशीट और डिग्री उपलब्ध कराने की तैयारी की जा रही है।
विश्वविद्यालय द्वारा फाइनल ईयर की मार्कशीट और डिग्री डीजी लॉकर पर डाल दी जाएगी, जिसे छात्र कहीं से निर्धारित कोड डालकर डाउनलोड कर सकेंगे। इससे नियुक्ति के समय सरकारी विभागों को अभ्यर्थी के शैक्षिक प्रमाणपत्रों का सत्यापन करने में सुविधा होगी।
विश्वविद्यालय विद्यार्थियों के हित में हर संभव सुविधाएं मुहैया कराने के लिए संकल्पबद्ध है। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के नियमों के अनुरूप प्रत्येक विषय में जहां स्थायी शिक्षक नहीं हैं वहां अकादमिक परामर्शदाताओं की नियुक्ति की गई है। पीएचडी से लेकर प्रमाणपत्र कार्यक्रम तक लगभग 90 कार्यक्रम संचालित हो रहे हैं।
- प्रो. ओपीएस नेगी, कुलपति यूओयू