मृतक के परिजन नितिन उप्रेती ने आरोप लगाया कि मोर्चरी में डीप फ्रीजर खराब था, उन्हें नहीं बताया गया। डीप फ्रीजर का दरवाजा भी पूरा बंद नहीं हुआ था। शव रखने को लेकर कर्मचारियों का व्यवहार बहुत ही नकारात्मक रहा। रात होने के कारण शव नौ बजे मोर्चरी में रख दिया गया। आरोप लगाया कि कहा कि मार्ग की ओर से मोर्चरी का मेन गेट भी रातभर खुला था। सुबह जब शव को देखा तो परिजनों के होश उड़ गए, शव को चूहों ने कुतरा हुआ था। परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया।
कहा कि प्रशासन को इस घोर लापरवाही पर कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। वहीं खंड विकास अधिकारी एकेश्वर डीपीएस नेगी ने बताया कि ग्राम विकास अधिकारी राहुल उप्रेती पुत्र संपूर्णानंद उप्रेती बीते छह साल से ब्लाॅक एकेश्वर में सेवारत रहे। उनके निधन से ब्लॉक में शोक की लहर है।
मोर्चरी का डीप फ्रीजर कुछ समय से खराब है, जिसे ठीक किए जाने को लेकर निर्देश दे दिए गए हैं। मोर्चरी के दरवाजे में गैप होने के कारण चूहा आया जिससे यह दुखद घटना सामने आई है। जब तक डीप फ्रीजर ठीक नहीं होता तक तक वहां चूहे मारने की दवाइयां रखी जाएंगी।
- डाॅ. रमेश कुंवर, एसीएमओ पौड़ी