आईएसबीटी पर उतरने के बाद शहर में प्रवेश करने से पहले हर किसी का सामना एक गड्ढे से होता है। यह गड्ढा ऐसा है जो पिछले कई सालों से नहीं भर पाया है। यह कह सकते हैं कि यह गड्ढा दून की छवि पर एक दाग बन चुका है। इसका कारण है यहां सीवर का ओवरफ्लो है। इसके कारण यहां पर हमेशा सड़क पर गड्ढा बना रहता है। इसका समाधान न तो लोनिवि ढूंढ पा रहा है और न ही जल संस्थान।
एडीबी ने बिछाई थी आईएसबीटी क्षेत्र में सीवर लाइन
वर्ष 2015-16 में एडीबी ने आईएसबीटी क्षेत्र में सीवर लाइन बिछाई थी। सीवर लाइन डालते समय आईएसबीटी फ्लाईओवर के नीचे सीवर का चेंबर बनाया गया। यहां पर दो चेंबर बनने थे, लेकिन फ्लाईओवर बनने के कारण एक ही चेंबर बन पाया। जो चेंबर बनाया भी है, उसमें निर्माण के समय ही खराबी आ गई।
एडीबी लाइन बिछाकर चला गया, लेकिन यह चेंबर लोगों के ही नहीं बल्कि पूरे दून और बाहर से आने वाले पर्यटकों के लिए नासूर बन गया है। यहों सीवर हमेशा ओवरफ्लो होकर सड़क पर बहता रहता है। कई बार लोनिवि यहां पर सड़क को ठीक कर चुका है, लेकिन समाधान नहीं निकला है।
एडीबी की ओर से यहां पर सीवर का चेंबर बनाया है। जिसमें तकनीकी खामियां हैं। कई बार इसे ठीक करने की कोशिश की गई, लेकिन यह ठीक नहीं हो पा रहा है। ओवरफ्लो होने के कारण पानी सड़क पर बहता है, जिससे सड़क अक्सर यहां पर खराब रहती है। चेंबर के स्थायी समाधान के लिए योजना तैयार की जाएगी।
-राजेंद्र पाल, ईई, जलसंस्थान पित्थूवाला जोन